भारत द्वारा सितंबर 2014 में पाक अधिकृत कश्मीर में की गई सर्जिकल स्ट्राइक के बाद नियंत्रण रेखा के उस पार आतंकी कैम्पों में तेजी से बढ़ोत्तरी देखने को मिली है। सर्जिकल स्ट्राइक के बाद इनमें कमी दर्ज की गई थी।
आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा और जमात-उद-दावा मिलकर पीओके में आतंक की पाठशाला चला रहे हैं। आतंकी इन क्षेत्रों में फिर से सक्रिय हो गए हैं और आतंकियों को ट्रेनिंग दी जा रही है। आतंकियों को भारत मे घुसपैठ की भी ट्रेनिंग दी जा रही है।
खबरों के मुताबिक पीओके में ऐसे 48 आतंकी कैम्प हैं। इन सभी कैम्पों में भारत विरोधी गतिविधियों को अंजाम दिया जा रहा है। इससे पहले पिछले साल सर्जिकल स्ट्राइक के बाद आधे से ज्यादा कैम्पों को पाकिस्तानी सीमा के और अंदर स्थापित कर दिया गया था। लेकिन अब इनमें से अधिकत्तर कैम्प फिर से अपने पुराने ठिकानों पर सक्रिय हो गए हैं। यही नहीं सीमा पार 20 नए संगठनों के सक्रिय होने की जानकारी मिली है।