गुजरात विधानसभा में इकलौते मुस्लिम विधायक इमरान खेड़ावाला ने मंगलवार को सदन में एक बड़ा दावा किया। उन्होंने भाजपा नेताओं पर आरोप लगाते हुए कहा कि भाजपा के कुछ विधायकों ने उन्हें एक विशेष समुदाय का व्यक्ति बताया। साथ ही उनके बारे में अपमानजनक टिप्पणियां भी की। विधायक खेड़ावाला ने इस मामले में स्पीकर शंकर चौधरी से सुरक्षा की मांगी।
बता दें कि यह मामला तब सामने आया जब खेड़ावाला ने सोमवार को एक प्रस्तावित ओवर-ब्रिज के बारे में सवाल उठाया था, जो मुस्लिम बहुल जुहापुरा और सरखेज क्षेत्रों से होकर गुजरता है। इस पर राज्य मंत्री जगदीश विश्वकर्मा ने जवाब दिया और खेड़ावाला से मदद की अपील। उन्होंने कहा कि उन्हें ओवर-ब्रिज का काम पूरा करने में खेड़ावाला की मदद की जरूरत है। उन्होंने आरोप लगाया कि एक विशेष समुदाय के लोग इलाके में अवैध रूप से कब्जा किए हुए हैं, जिनमें 700 से ज्यादा नॉन-वेज लॉरी, दुकानें, खोखे, 1,200 से ज्यादा रिक्शा और लगभग 11 गैरेज शामिल हैं।
साथ ही विश्वकर्मा ने ये भी आरोप लगाया कि जब भी राज्य सरकार अतिक्रमण हटाती है, तो विपक्षी दल इसे राजनीतिक मुद्दा बनाकर सरकार को बदनाम करने की कोशिश करते हैं। उन्होंने कांग्रेस पर आरोप लगाया कि वे सोशल मीडिया और टीवी चैनलों पर सरकार के खिलाफ दुष्प्रचार करते हैं। मंत्री ने कहा कि जब सरकार अतिक्रमण हटाती है तो सभी को उसका समर्थन करना चाहिए, न कि उसे रोकना चाहिए।
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खेड़ावाला ने विश्वकर्मा के बयान को नाकारा
मामले में तेज होती बहस के बीच
खेड़ावाला ने इस बयान को नकारते हुए कहा कि उनका कार्यालय कानूनी रूप से स्थापित था। साथ ही उन्होंने इसकी पुष्टि करने के लिए दस्तावेज दिखाने की पेशकश की। इसके बाद, उन्होंने विधानसभा में व्यवस्था का मुद्दा उठाया और बताया कि उन्हें एक समुदाय का व्यक्ति बताते हुए अपमानित किया जा रहा है।
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स्पीकर ने सदस्यों से की अपील
विधायक इमरान खेड़ावाला के दावे के बाद स्पीकर शंकर चौधरी ने इस पर सभी विधायकों से व्यक्तिगत टिप्पणियों से बचने की अपील की। साथ ही उन्होंने कहा कि प्रत्येक विधायक को विधानसभा में सुरक्षा मिलेगी। उन्होंने यह भी कहा कि सदन में एक-दूसरे का सम्मान करना जरूरी है।