पीएम मोदी का ड्रीम प्रोजेक्ट जल जीवन मिशन पश्चिम बंगाल में राजनीति की भेंट चढ़ गया है। जहां एक ओर टीएमसी सरकार इस योजना को लेकर केंद्र पर आरोप लगाती रही है। वहीं अब, पश्चिम बंगाल में विपक्ष के नेता सुवेंदु अधिकारी ने इस योजना में करोड़ों का घोटाला करने का आरोप लगाया है। शुक्रवार को भाजपा नेता अधिकारी ने दावा किया कि राज्य में सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस ने राज्य में जल जीवन मिशन को लागू करने में 500 करोड़ रुपये की हेराफेरी की है।
सुवेंदु अधिकारी ने लगाया आरोप
उन्होंने कहा कि अभी तक पश्चिम बंगाल के ग्रामीण इलाकों में लगभग 1.86 करोड़ घरों को जल जीवन मिशन के माध्यम से पाइप से पीने का पानी मिला है। अधिकारी ने कहा कि राज्य सरकार ने बताया है कि इस परियोजना पर लगभग 1000 करोड़ रुपये खर्च हुए हैं, लेकिन असलियत यह है कि इस परियोजना को लागू करते समय टीएमसी के कुछ नेताओं और प्रशासन में शामिल लोगों ने लगभग 500 करोड़ रुपये का गबन किया। इस दौरान उन्होंने इन आरोपों के बारे में स्वतंत्र जांच की मांग भी की।
उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा कि पानी की आपूर्ति के लिए उपयोग किए जाने वाले फेर्रू पाइप को अत्यधिक उच्च दरों पर खरीदा गया है। आरोप लगाया कि इस परियोजना के लिए एक विशिष्ट जिले के कुछ ही विक्रेताओं को ठेका दिया गया है।
टीएमसी ने कहा-आरोपों को साबित करें अधिकारी
वहीं, राज्य के उद्योग मंत्री शशि पांजा ने भाजपा नेता सुवेंदु अधिकारी के आरोपों पर पलटवार किया है। उन्होंने अधिकारी के आरोपों का खंडन करते हुए कहा कि वे अपने आरोपों को साबित करें। शशि पांजा ने कहा कि वह जो कुछ कह रहे हैं उसे साबित करने दें। हमारे खिलाफ निराधार आरोप लगाने के बजाय, उन्हें पहले अपने परिवार के सदस्यों के खिलाफ भ्रष्टाचार के आरोपों के बारे में जवाब देना चाहिए।
गौरतलब है कि जल जीवन मिशन प्रधानमंत्री मोदी का ड्रीम प्रोजेक्ट है। यह परियोजना जल शक्ति मंत्रालय के तहत चलाई जा रही है। इसके तहत सरकार की कोशिश है कि ग्रामीण भारत में सभी लोगों के घरों में सुरक्षित और पर्याप्त पेयजल उपलब्ध कराया जाए।