सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को केंद्र सरकार को देश के तमाम बाल आश्रय गृहों (शेल्टर होम) को दिए जाने वाले फंड के बारे में जानकारी देने के लिए कहा है। जस्टिस एल नागेश्वर राव की अध्यक्षता वाली तीन सदस्यीय पीठ ने साथ ही केंद्र सरकार से ऑडिट की स्थिति भी बताने के लिए कहा है। सरकार को दो हफ्ते में रिपोर्ट दाखिल करने के लिए कहा गया है।
मालूम हो कि कोरोना के मद्देनजर देश के तमाम शेल्टर होम की स्थिति को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने स्वत: संज्ञान लिया था। पीठ ने इस मामले में नियुक्त अमाइकस क्यूरी वकील गौरव अग्रवाल को इस बारे में नोट तैयार करने के लिए कहा है कि किन राज्यों में बाल आश्रय गृहों में अच्छी व्यवस्था है और क्या सुधार की गुंजाइश है। अगली सुनवाई 13 अगस्त को होगी।