कलकत्ता हाईकोर्ट ने पश्चिम बंगाल सरकार को नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) संबंधी सभी मीडिया कैंपेन रोकने का निर्देश दिया है। कोर्ट ने याचिकाकर्ताओं के उस दावे पर सरकार से जवाब मांगा है जिसमें कहा गया है कि सरकार ने जनता के पैसे से सीएए के खिलाफ कैंपेन चलाया है।
चीफ जस्टिस टीबीएन राधाकृष्णन की अध्यक्षता वाली पीठ ने सरकार से 9 जनवरी तक जवाब देने को कहा है। पीठ सीएए के खिलाफ मीडिया कैंपेन, कानून-व्यवस्था की स्थिति और रेलवे संपत्ति को नुकसान से जुड़ी याचिकाओं पर सुनवाई कर रही थी।
इससे पहले राज्य सरकार की ओर से पेश महाधिवक्ता किशोर दत्ता ने कोर्ट को बताया कि प्रदेश में कानून-व्यवस्था पूरी तरह नियंत्रण में है। इंटरनेट सेवा बहाल कर दी गई है। कोर्ट ने रेलवे से हुए नुकसान और उससे बचने के लिए उठाए कदमों का भी ब्योरा मांगा है।