प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए गुजरात की फार्मास्युटिकल कंपनी स्टर्लिंग बायोटेक के खिलाफ मनी लांड्रिंग मामले में 9000 करोड़ से ज्यादा की संपत्ति को जब्त किया है। स्टर्लिंग बायोटेक करोड़ों के बैंक घोटाले में शामिल है। अधिकारियों ने बुधवार को बताया कि केंद्रीय एजेंसी ने मनी लांड्रिंग रोकथाम कानून (पीएमएलए) के तहत संपत्ति जब्त करने का आदेश दिया था। इन संपत्तियों की कुल कीमत 9,778 करोड़ रुपये आंकी गई है। इनमें से कुछ संपत्तियां विदेश में भी हैं।
अधिकारियों के मुताबिक, स्टर्लिंग बायोटेक ने आंध्रा बैंक की अगुवाई वाले बैंकों के समूह से 5000 करोड़ रुपये का कर्ज लिया था, जो बाद में एनपीए में बदल गया। कथित ऋण चूक की कुल कीमत 8100 करोड़ रुपये आंकी गई है। ईडी ने कथित बैंक घोटाले में सीबीआई की चार्जशीट के आधार पर स्टर्लिंग बायोटेक के खिलाफ आपराधिक मुकदमा दर्ज किया था। कंपनी के प्रमोर्ट्स संदेसरा बंधु इस घोटाले के मुख्य साजिशकर्ता थे, जो फिलहाल फरार हैं।