देश को तीसरी कोरोना वैक्सीन स्पूतनिक-वी मिल गई है। भारत में इससे टीकाकरण की शुरुआत हो गई है। वहीं, स्पूतनिक वी ने गुरुवार को कहा कि वह जल्द ही एक बूस्टर शॉट मुहैया कराएगी। यह बूस्टर शॉट कोरोना वायरस के डेल्टा वेरिएंट के खिलाफ काम करने के हिसाब से तैयार किया गया है। इसके साथ ही कंपनी ने कहा है कि वह जल्द ही कोरोना के खिलाफ जंग में अन्य टीका निर्माताओं के साथ मिलकर भी काम करेगी।
देश में इसका उत्पादन कर रही दवा कंपनी डॉ. रेड्डीज लैब ने बुधवार को बताया कि
पहले इसे हैदराबाद में लांच किया गया था। अब यह बंगलूरू, मुंबई, कोलकाता, दिल्ली, चेन्नई, बद्दी, मरियालागुडा और कोल्हापुर समेत अन्य शहरों में भी उपलब्ध कराई जाने लगी है। डॉ. रेड्डीज लैब ने कहा है कि कोविन एप पर जनता के लिए इसका पंजीयन अभी शुरू नहीं किया गया है। इसके व्यावसायिक रूप से लांच होने पर यह पंजीयन शुरू होगा।
अभी इस वैक्सीन का शुरुआती चरण चल रहा है। इस चरण में कंपनी अपनी कोल्ड स्टोरेज क्षमता का परीक्षण कर रही है। इस वैक्सीन को माइनस 18 डिग्री तापमान पर रखना होता है। कंपनी टीके को व्यावसायिक रूप से पेश करने के पहले अपने लॉजिस्टिक संसाधनों को भी तैयार कर रही है।
पायलट प्रोजेक्ट सुचारू रूप से चल रहा है। वैक्सीन के कमर्शियल लांच के मौके पर कंपनी अपने सभी सहयोगी अस्पतालों तक वैक्सीन को पहुंचाएगी। इसके लिए सभी आवश्यक आपूर्ति इंतजाम किए जा रहे हैं, ताकि उपयुक्त मात्रा में उपयुक्त समय पर स्पूतनिक-वी को पहुंचाया जा सके। आरंभिक चरण या पायलट प्रोजेक्ट पूरा होने पर डॉ. रेड्डीज लैब इसे व्यावसायिक इस्तेमाल के लिए जारी करेगी।
डेल्टा वैरिएंट के खिलाफ भी कारगर है स्पूतनिक-वी
बता दें रूस के गमलेया सेंटर द्वारा तैयार की गई स्पूतनिक-वी कोरोना वायरस के खिलाफ 91 फीसदी से ज्यादा प्रभावी है। गमलेया सेंटर द्वारा एक अंतरराष्ट्रीय पीयर-रिव्यू जर्नल में प्रकाशन के लिए प्रस्तुत एक अध्ययन के अनुसार, अब तक दुनियाभर में मौजूद कोरोना के विभिन्न वैक्सीनों की तुलना में गमालेया की स्पूतनिक वी वैक्सीन कोरोना वायरस के डेल्टा वायरस स्ट्रेन के खिलाफ अधिक प्रभावी है।