15 साल तक दिल्ली की मुख्यमंत्री रहीं दिवंगत शीला दीक्षित को याद करके यूपीए की अध्यक्ष सोनिया गांधी शनिवार को भावुक हो गईं। दिल्ली में आयोजित एक कार्यक्रम में बोलते हुए सोनिया ने कहा कि मेरे बुरे सालों में वो मेरे साथ खड़ी थीं।
सोनिया ने कहा, जब बुरे दिन गुजर गए तो उन्होंने मुझे कांग्रेस पार्टी के अध्यक्ष पद की जिम्मेदारी संभालने का आग्रह किया। मैं कांग्रेस अध्यक्ष बनीं तो उन्होंने बड़ी बहन के रूप में मेरा मार्गदर्शन किया।
गौरतलब है कि राजीव गांधी के मौत के बाद सोनिया गांधी को पार्टी का अध्यक्ष बनाया गया, लेकिन उन्होंने इससे इनकार कर दिया। 1997 में उन्होंने पार्टी की सदस्यता ग्रहण की। इसके बाद 1998 में उन्हें कांग्रेस पार्टी का अध्यक्ष घोषित किया गया।
1999 में सोनिया ने कर्नाटक के बेल्लारी और यूपी के अमेठी से लोकसभा चुनाव लड़ीं और भारी मतों से जीत हासिल की। इसके बाद 2004 के लोकसभा चुनाव में यूपीए की जीत के बाद उन्हें प्रधानमंत्री बनाए जाने का फैसला किया गया लेकिन उन्होंने इससे इनकार कर दिया। 2017 में उन्होंने अध्यक्ष पद छोड़ दिया था।