दहेज प्रताड़ना के चलते वैष्णवी हगवणे आत्महत्या मामले में राजेंद्र हगवणे और सुशील हगवणे को पनाह देने के आरोप में पुलिस ने कर्नाटक के पूर्व मंत्री के बेटे समेत 5 लोगों को गिरफ्तार किया। मामले में इससे पहले पुलिस ने वैष्णवी के पति शशांक हगवणे, सास लता हगवणे और ननद करिश्मा को गिरफ्तार कर लिया था।
महाराष्ट्र में दहेज प्रताड़ना के चलते आत्महत्या करने वाली वैष्णवी हगवणे केस में बड़ा अपडेट सामने आया है। जहां पुलिस ने सोमवार को बताया कि पूर्व एनसीपी नेता राजेंद्र हगवणे और उनके बेटे सुशील हगवणे को फरार रहने के दौरान पनाह देने के आरोप में पांच लोगों को गिरफ्तार किया गया है। इनमें कर्नाटक के पूर्व मंत्री का बेटा प्रीतम पाटिल भी शामिल है।
अब-तक किन-किन लोगों की हुई गिरफ्तारी
विज्ञापन
मामले में पुलिस अधिकारी ने बताया कि गिरफ्तार किए गए पांच लोगों ने जानबूझकर आरोपियों को छिपाने में मदद की, जबकि उन्हें पता था कि ये दोनों पुलिस को वांछित हैं। पुलिस ने आगे बताया कि इन सभी को कोर्ट में पेश किया जाएगा।
बता दें कि इससे पहले पुलिस ने वैष्णवी के पति शशांक हगवणे, सास लता हगवणे और ननद करिश्मा को गिरफ्तार कर लिया था। लेकिन राजेंद्र और उनका दूसरा बेटा सुशील फरार थे। पिछले सप्ताह स्वारगेट, पुणे से उनकी गिरफ्तारी हुई। इसी बीच मराठा आरक्षण आंदोलन से जुड़े नेता मनोज जरांगे पाटिल ने वैष्णवी के पिता आनंद कासपाटे के घर पहुंचकर शोक संवेदना व्यक्त की।
क्या है पूरा मामला, समझिए
एनसीपी नेता राजेंद्र हगवणे की बहू वैष्णवी हगवणे ने 16 मई को पुणे के पिंपरी-चिंचवड़ के बवधन इलाके स्थित ससुराल में आत्महत्या कर ली थी। परिजनों का आरोप है कि उसे 2 करोड़ रुपये की जमीन खरीदने के लिए दहेज में दबाव डालकर प्रताड़ित किया जा रहा था। इतना ही नहीं मामले में जांच के दौरान पुलिस ने कोर्ट में खुलासा किया कि वैष्णवी को आत्महत्या से पहले प्लास्टिक पाइप सहित कई चीजों से पीटा गया था। उसके शरीर पर चोट के गंभीर निशान मिले हैं।