कांग्रेस विधायक कोमातीरेड्डी राजगोपाल रेड्डी का इस्तीफा
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कई संकटों से जूझ रही कांग्रेस को तेलंगाना में भी झटका लगा है। पार्टी के विधायक कोमातीरेड्डी राजगोपाल रेड्डी ने आज विधायकी व पार्टी से इस्तीफा दे दिया। वे जल्द ही भाजपा में शामिल होंगे।
रेड्डी ने अपना इस्तीफा तेलंगाना विधानसभा अध्यक्ष पोचाराम श्रीनिवास रेड्डी को सौंपा। स्पीकर ने इस्तीफा स्वीकार कर लिया है। रेड्डी ने तीन अगस्त को कांग्रेस पार्टी और विधायक के रूप में भी इस्तीफे की घोषणा की थी। इसके बाद रेड्डी ने कहा कि वह 21 अगस्त को भाजपा में शामिल होंगे।
दो दिन पूर्व रेड्डी ने दिल्ली में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात की थी। इसके बाद उन्होंने कहा था कि वे भाजपा में शामिल होंगे। उनके साथ भाजपा की राष्ट्रीय कार्यकारिणी के सदस्य विवेक वेंकटस्वामी भी मौजूद थे। उन्होंने कहा था कि वे आठ अगस्त को विधानसभा अध्यक्ष रेड्डी को इस्तीफा देंगे। उन्होंने कहा था कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ही तेलंगाना राष्ट्र समिति (TRS) के अराजक शासन को खत्म कर सकते हैं।
तेलंगाना की राजनीति में आएगा बदलाव
रेड्डी ने इस्तीफा देने के बाद कहा, 'मुनुगोड़े के उपचुनाव का परिणाम ऐतिहासिक होगा। इस सीट के नतीजे राज्य की राजनीति में बदलाव लाएंगे। उनके इस्तीफे से रिक्त हुई मुनुगोड़े सीट पर उपचुनाव होंगे, क्योंकि तेलंगाना विधानसभा चुनाव 2023 के अंत में होंगे। इसमें अभी एक वर्ष से ज्यादा का वक्त है। चुनाव नियमों के अनुसार कोई भी सीट खाली होने के छह माह में चुनाव कराना जरूरी है।