नेशनल कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) (एसपी) के प्रमुख शरद पवार ने कश्मीर के लोगों के बारे में बातचीत की। बुधवार को उन्होंने कहा कि कश्मीरी मुसलमान कभी भी किसी पड़ोसी देश की साजिशों का समर्थन नहीं करते हैं। इस दौरान उन्होंने बीते 22 अप्रैल को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले का भी जिक्र किया।शरद पवार ने ये बात पुणे में सरहद इंस्टिट्यूट द्वारा आयोजित एक कार्यक्रम में कही। यह संस्था उन बच्चों को पढ़ाई देती है जो संघर्ष प्रभावित क्षेत्रों से आते हैं।
पहलगाम आतंकी हमले का किया जिक्र
पवार ने आगे कश्मीर के पहलगाम में 22 अप्रैल को हुए आतंकवादी हमले का जिक्र करते हुए कहा कि इसमें 26 आम लोग मारे गए थे। उन्होंने बताया कि कश्मीर भारत का हिस्सा है और कश्मीरी लोगों ने देश को बहुत कुछ दिया है। पहलगाम हमले के बाद डर फैल गया था, लेकिन पड़ोसी देश ने जो उग्रता फैलाने की कोशिश की, कश्मीरी लोगों ने उसे कभी समर्थन नहीं दिया। इस दौरान ये भी कहा कि पहलगाम हमले के बाद मुख्यमंत्री ओमर अब्दुल्ला ने बैठक बुलाई और कहा कि हम भारत के साथ हैं और कश्मीर की रक्षा के लिए हर संभव कदम उठाएंगे।
ये भी पढ़ें:- Bihar Election: राहुल गांधी बोले- मेरा होइड्रोजन बम आना बाकी है; पटना में कहा- अब मेरी गारंटी है यह
'कश्मीरी मुसलमानों के प्रति सकारात्मक नजरिया रखना चाहिए'
इस दौरान पवार ने कहा कि पड़ोसी देश जो भी कोशिश करे, कश्मीरी लोग उनके साथ नहीं जाएंगे। इसलिए हमें कश्मीरी मुसलमानों के प्रति हमेशा सकारात्मक नजरिया रखना चाहिए। उन्होंने यह भी बताया कि कश्मीर में कानून-व्यवस्था की स्थिति ऐसी है कि बच्चों को स्कूल भेजना मुश्किल होता है, लेकिन सरहद संस्था के संजय नाहर और अन्य लोगों ने पुणे में कश्मीर के बच्चों की पढ़ाई का इंतजाम किया है। इससे साबित होता है कि पूरे भारत का कश्मीर के साथ एकता मजबूत है। शरद पवार ने अंत में कहा कि कश्मीर भारत का अभिन्न हिस्सा है और देश में उसका योगदान बहुत बड़ा है।
ये भी पढ़ें:- Cabinet Decisions: रेलवे के 10 लाख कर्मियों को दिवाली बोनस, बिहार के लिए ₹6 हजार करोड़ की परियोजनाओं को मंजूरी