सर्वोच्च न्यायालय ने अगस्ता वेेस्टलैंड मामले में जनहित याचिका की सुनवाई करते हुए केंद्र सरकार को नोटिस भेजा है और 4 सप्ताह के भीतर जवाब भी मांगा है। बता दें कि अगस्ता वेस्टलैंड मामले पर सुप्रीम कोर्ट में दायर एक याचिका पर सुनवाई को मंजूरी मिल गई थी इसमें सोनिया गांधी, मनमोहन सिंह और अहमद पटेल के खिलाफ पुलिस केस दर्ज किए जाने की मांग की गई थी जिस पर सर्वोच्च अदालत ने आद सुनावई की है। याचिका में कहा गया था कि जिन लोगों के नाम इटली की कोर्ट में हैं उनके खिलाफ पुलिस केस दर्ज किया जाए। इस याचिका में इस बात का जिक्र भी किया गया था कि अगस्ता मामले की जांच अदालत की निगरानी में हो।
SC issues notice to Centre on a PIL seeking registration of FIR against persons named in an Italian court judgement in the AugustaWestland c
— Press Trust of India (@PTI_News) May 6, 2016
The plea also sought court-monitored probe in the scam.
— Press Trust of India (@PTI_News) May 6, 2016
मालूम हो कि अगस्ता वेस्टलैंड की मातृ कंपनी इटली की फिनमेकानिका है। इस कंपनी ने 3600 करोड़ रुपये में 12 हेलीकॉप्टर का सौदा हासिल किया गया था। 2010 में हुए इस सौदे में इटली की जांच एजेंसी ने रिश्वतखोरी का आरोप लगाते हुए वहां की अदालत में मुकदमा दायर किया था।
बाद में इसकी आंच भारत तक पहुंची और मामले का संज्ञान लेते हुए तत्कालीन रक्षा मंत्री एके एंटनी ने 2013 में सीबीआई को इसकी जांच करने का आदेश दिया था। इस क्रम में पूर्व वायुसेना प्रमुख एसपी त्यागी, पूर्व राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार एमके नारायणन समेत अन्य से पूछताछ भी हुई है तथा संयुक्त अरब अमीरात, ब्रिटेन, सिंगापुर, इटली, स्विट्जरलैंड, ट्यूनीशिया और मॉरीशस को लेटर रेटोगेटरी (एलआर) भेजा गया है। ताकि जांच को जल्द से जल्द पूरा किया जा सके।