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'क्या देश में ब्रिटिश शासन है?': प्रदर्शनकारियों की हिरासत पर भड़के संजय राउत, कहा- जनता की आवाज दबा नहीं सकते

सार

शिवसेना (यूबीटी) सांसद संजय राउत ने सीईसी ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर होने वाले विरोध प्रदर्शन से पहले केंद्र सरकार पर हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदर्शनकारियों को दिल्ली पहुंचने से रोका जा रहा है, ट्रेनें रोकी गई हैं और लोगों को हिरासत में लिया जा रहा है। 
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 संजय राउत, सांसद, शिवसेना (यूबीटी)  - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
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विस्तार
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मुख्य निर्वाचन आयुक्त (सीईसी) ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा मांग रहे आंदोलनकारी आज दिल्ली के जंतर-मंतर पर जमा होने की योजना बना रहे हैं। इसी बीच अभिजीत दीपके को दिल्ली एयरपोर्ट पर पुलिस ने हिरासत में ले लिया है। इसी बीच शिवसेना (यूबीटी) के सांसद संजय राउत ने केंद्र सरकार पर हमला बोला। उन्होंने कहा कि  यह जनता का विरोध है, और वे जनता की आवाज को दबा नहीं सकते।

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संजय राउत ने क्या कहा? 
संजय राउत पत्रकारों से बातचीत करते हुए कहा, 'गुटों की बात मत कीजिए। लोगों की बात कीजिए। लाखों लोग दिल्ली पहुंचना चाहते हैं, लेकिन उन्हें रास्ते में ही रोक दिया गया है। इस देश में क्या हो रहा है? अगर कोई विरोध करने के लिए देश की राजधानी पहुंचना चाहता है, तो क्या यहां ब्रिटिश शासन लागू है? क्या रॉलेट एक्ट लागू कर दिया गया है? आज हजारों युवाओं और अलग-अलग संगठनों के सदस्यों को दिल्ली पहुंचना था। 

'जनता की आवाज को दबा नहीं सकते'
सांसद ने आगे कहा, ' ट्रेनों को रोक दिया गया है, लोगों को हिरासत में लिया गया है और दिल्ली की सीमाएं सील कर दी गई हैं। जम्मू-कश्मीर से सुरक्षा बल बुलाए गए हैं। उन्हें दिल्ली भर में तैनात किया गया है। लेकिन यह जनता का विरोध है, और आप जनता की आवाज को दबा नहीं सकते। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह और सीईसी ज्ञानेश कुमार को सत्ता से हटना चाहिए।
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सांसद ने कहा कि साढ़े चार लाख सुरक्षा बल को दिल्ली में तैनात किए हैं। यह तैनाती बच्चों को ऊपर बंदूक ताने के लिए हुए हैं। यह पीएम मोदी और अमित शाह की लोकतंत्र है। इतने डरे हुए हैं। ऐसी डर हमने विश्व के इतिहास में नहीं देखा है। इतने डरपोक लोग इस देश के सत्ता पर नहीं बैठे। लेकिन यह खुद को 56 इंच का सीना बोलते हैं। यह लोग हम पर ब्रिटिश के जैसे जुल्म करना चाहते हैं। 

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