जम्मू में मंगलवार को RSS की प्रांत प्रचारक की मीटिंग शुरू होगी जहां लगभग 200 अपेक्षित प्रतिनिधि पहुंच चुके हैं। इस मीटिंग में कोई प्रस्ताव पारित नहीं होगा और यह बैठक संघ शिक्षा वर्ष में स्वयंसेवकों की उपस्थिति का आकलन करने और आरएसएस के राष्ट्रीय नेताओं के सालाना दौरे के कार्यक्रमों को तैयार करने के लिए है।
RSS के लिए जम्मू-कश्मीर की नीतियां बनाने वाले और संगठन के एग्जीक्यूटिव सदस्य इंद्रेश कुमार ने एक अंग्रेजी अखबार को बताया कि ये मीटिंग संगठन के मामलों पर चर्चा के लिए है। जिसमें कोई भी प्रस्ताव पास नहीं किया जाएगा।
RSS ज्यादातर प्रस्तावों को वार्षिक अखिल भारतीय प्रतिनिधि सभा में पास करती है जोकि हर बार मार्च में होती है। वहीं दीपावली पर अखिल भारतीय कर्मकारी मंडल में भी प्रस्ताव पारित होता है। जुलाई में होने वाली संघ सिख वर्ग की बैठक में RSS के करीब 200 प्रतिनिधि शामिल होते हैं जोकि प्रांत प्रचारक, क्षेत्र प्रचारक और केंद्रीय नेतृत्व के नेता होते हैं।