वायुसेना प्रमुख बीएस धनोआ के घर के बाहर फ्रांस से मिलने वाले राफेल लड़ाकू विमान की प्रतिकृति (रेप्लिका) लगाई गई है। धनोआ का सरकारी आवास 24 अकबर रोड पर कांग्रेस मुख्यालय के ठीक सामने है। राफेल प्रतिकृति का मुंह कांग्रेस मुख्यालय की ओर है।
सोशल मीडिया पर इसे कांग्रेस को ट्रोल किया जाना बताया जा रहा है। दरअसल कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी और उनकी पार्टी मोदी सरकार पर 36 राफेल विमानों की खरीद में घोटाले का आरोप लगाते रहे हैं।
वायुसेना प्रमुख के घर के बाहर इससे पहले सुखोई विमान का मॉडल था जिसे कुछ महीने पहले ही हटाया गया था। पहले राफेल विमान को वायुसेना के ‘गोल्डन एरो’ 17 स्क्वॉड्रन में शामिल किया जाएगा। इस यूनिट का नेतृत्व 1999 में करगिल युद्ध के दौरान वायुसेना प्रमुख धनोआ ने ही किया था।
इस यूनिट को पंजाब के बठिंडा से हरियाणा के अंबाला में स्थानांतरित कर दिया गया है। राफेल विमानों की पहली खेप सितंबर 2019 में वायुसेना को मिलेगी। इसमें चार लड़ाकू विमान शामिल होंगे।