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Bombay High Court: सेलेबी को बॉम्बे हाईकोर्ट से राहत, अदालत ने MIAL को नई निविदाओं को अंतिम फैसला लेने से रोका

Mon, 26 May 2025 05:15 PM IST
बशु जैन न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई

सार

तुर्किये की तरफ से पाकिस्तान का समर्थन करने और पड़ोसी देश में आतंकी शिविरों पर भारत के हमलों की निंदा करने के कुछ दिनों बाद  भारत के विमानन सुरक्षा नियामक बीसीएएस ने सेलेबी एयरपोर्ट सर्विसेज इंडिया की सुरक्षा मंजूरी तत्काल प्रभाव से रद्द कर दी थी। इसके बाद सेलेबी ने हाईकोर्ट का रुख किया। 
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बॉम्बे हाईकोर्ट - फोटो : एएनआई
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विस्तार
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बॉम्बे हाईकोर्ट ने तुर्किये की हवाई अड्डा ग्राउंड हैंडलिंग कंपनी सेलेबी को राहत दी है। हाईकोर्ट ने सेलेबी की याचिका पर एक अंतरिम आदेश जारी करते हुए मुंबई अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डा लिमिटेड (एमआईएएल) से मुंबई अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे पर ग्राउंड और ब्रिज हैंडलिंग सेवाओं के लिए नई निविदाओं पर अंतिम फैसला लेने से रोक दिया है। पिछले दिनों नागरिक उड्डयन मंत्रालय की ओर से सुरक्षा मंजूरी रद्द किए जाने और एमआईएएल के साथ अनुबंध समाप्त किए जाने के बाद सेलेबी ने बॉम्बे हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया था। 
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न्यायमूर्ति सोमशेखर सुंदरेशन की अवकाश पीठ ने मामले की संक्षिप्त सुनवाई के बाद कहा कि जून में अदालत के दोबारा खुलने के बाद सेलेबी द्वारा दायर याचिकाओं पर सुनवाई होने तक निविदाओं पर कोई अंतिम निर्णय नहीं लिया जाएगा। 

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तुर्किये की तरफ से पाकिस्तान का समर्थन करने और पड़ोसी देश में आतंकी शिविरों पर भारत के हमलों की निंदा करने के कुछ दिनों बाद  भारत के विमानन सुरक्षा नियामक बीसीएएस ने सेलेबी एयरपोर्ट सर्विसेज इंडिया की सुरक्षा मंजूरी तत्काल प्रभाव से रद्द कर दी थी। यह निरस्तीकरण भारत में सेलेबी की अन्य सहयोगी संस्थाओं पर भी लागू हुए। इसके बाद जिन-जिन भारतीय हवाई अड्डों पर सेलेबी परिचालन करती थी सभी ने समूह की कंपनियों के साथ अपने अनुबंध समाप्त कर दिए।

इसके बाद मुंबई हवाई अड्डे पर काम संभाल रही सेलेबी नैस एयरपोर्ट सर्विसेज इंडिया ने बॉम्बे हाईकोर्ट में तीन याचिकाएं दायर कीं। इसमें सुरक्षा मंजूरी रद्द करने और अनुबंध समाप्ति के केंद्र के फैसले को चुनौती दी गई। याचिकाओं में कहा गया कि ये निर्णय मनमाने और अवैध हैं तथा इन्हें रद्द करने की मांग की गई।

सेलेबी के पास सेलेबी नैस एयरपोर्ट सर्विसेज इंडिया प्राइवेट लिमिटेड की 59 प्रतिशत पूंजी है। याचिका में भारत के नागरिक उड्डयन मंत्रालय के तहत नागरिक उड्डयन सुरक्षा ब्यूरो (बीसीएएस) द्वारा दी गई सुरक्षा मंजूरी रद्द करने के प्रशासनिक निर्णय को निलंबित और निरस्त करने की मांग की गई। साथ ही एमआईएएल द्वारा ब्रिज माउंटेड इक्विपमेंट सर्विस एग्रीमेंट और कंसेशन एग्रीमेंट तथा ग्राउंड हैंडलिंग सेवाओं की समाप्ति को भी रद्द करने की मांग की।
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अंतरिम राहत के रूप में सेलेबी ने हाईकोर्ट से नई ग्राउंड हैंडलिंग एजेंसी के चयन के लिए 17 मई को जारी की गई निविदाओं पर कोई भी अंतिम निर्णय लेने से एमआईएएल को रोकने की मांग की थी। वहीं सेलेबी की दो अन्य सहायक कंपनियों, सेलेबी एयरपोर्ट सर्विसेज इंडिया और सेलेबी दिल्ली कार्गो टर्मिनल मैनेजमेंट इंडिया ने इस महीने की शुरुआत में दिल्ली हवाईअड्डा परिचालक द्वारा सुरक्षा मंजूरी रद्द करने और अनुबंधों को रद्द करने के खिलाफ दिल्ली उच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाया था।

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