राहुल गांधी और रवनीत बिट्टू (फाइल)
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कांग्रेस प्रमुख मल्लिकार्जुन खरगे ने आज
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखा। उन्होंने लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी के लिए इस्तेमाल की गई आपत्तिजनक भाषा के खिलाफ सख्त कार्रवाई की अपील की। खरगे के पत्र से जुड़े एक सवाल पर केंद्रीय मंत्री और भाजपा सांसद रवनीत बिट्टू ने राहुल गांधी के खिलाफ आपत्तिजनक शब्दों का इस्तेमाल किया। उन्होंने कहा कि भले ही कांग्रेस ने राहुल को लोकसभा का नेता प्रतिपक्ष बना दिया है, लेकिन उनका मानसिक स्तर नहीं बदला है।
बिट्टू ने दूसरे नेताओं को सिखाने से पहले खरगे को राहुल को संभालने की नसीहत दी
लोकसभा चुनाव 2024 से पहले कांग्रेस सांसद रह चुके बिट्टू ने कहा कि खरगे को दूसरे नेताओं को सीख देने से पहले कांग्रेस नेता राहुल गांधी को सिखाना चाहिए। उन्होंने कहा कि वे एक सांसद के तौर पर नहीं सिख होने के नाते चिंतित हैं। उन्होंने कहा कि राहुल को कुछ भी बोलने से पहले गंभीरता से विचार करना चाहिए।
केंद्रीय मंत्री ने राहुल को किस बात पर घेरा
बिट्टू ने आपत्तिजनक लहजे में राहुल को संबोधित करते हुए कई बार 'पप्पू' शब्द का इस्तेमाल किया। उन्होंने कहा कि नेता प्रतिपक्ष बनाए जाने के बावजूद पप्पू पप्पू ही रहा। खरगे को अपने पप्पू को नसीहत देनी चाहिए। बता दें कि बिट्टू राहुल के मानसिक स्तर और बयानों पर पहले भी सवाल खड़े कर चुके हैं।
अमेरिका दौरे पर राहुल का बयान, बिट्टू के बिगड़े बोल
इससे पहले बिट्टू ने राहुल के अमेरिका दौरे पर दिए गए बयानों को लेकर निशाना साधा था। उन्होंने कहा था कि राहुल ने सिख धर्म से जुड़ी आपत्तिजनक बातें कही हैं। इसके अलावा बिहार के भागलपुर में रवनीत बिट्टू ने कहा था कि राहुल अपना ज्यादातर समय देश से बाहर बिताते हैं और उनके दोस्त और परिवार वहीं हैं। बिट्टू ने कहा, 'मुझे लगता है कि वह अपने देश से ज्यादा प्यार नहीं करते, क्योंकि वह विदेश जाते हैं और भारत के बारे में नकारात्मक बातें कहते हैं। मुझे लगता है कि वह हिंदुस्तानी नहीं हैं।' बिट्टू ने कहा, 'जब ऐसे लोग, जो बम बनाने में भी विशेषज्ञ हैं, राहुल गांधी का समर्थन कर रहे हैं, तो वह देश के नंबर एक आतंकवादी हैं। वह अलगाववादियों की तरह बात कर रहे हैं। उन्हें पकड़ने के लिए इनाम मिलना चाहिए क्योंकि वह देश के सबसे बड़े दुश्मन हैं।' हालांकि, बिट्टू के बयान पर पूर्व केंद्रीय मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी ने कहा था कि यह भाजपा की संस्कृति के खिलाफ है।