कांग्रेस की ‘भारत जोड़ो न्याय यात्रा’ गुरुवार को नगालैंड से असम पहुंची। शिवसागर जिले से शुरू होकर यह यात्रा असम के 17 जिलों से गुजरेगी और 833 किमी का सफर तय करेगी। कांग्रेस नेता राहुल गांधी के नेतृत्व में निकाली जा रही यात्रा 15 राज्यों के 110 जिलों से होकर गुजरेगी।
इस दौरान राहुल गांधी ने एक बार फिर भाजपा, आरएसएस और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि मणिपुर में गृहयुद्ध जैसे हालात है। राज्य विभाजित होने की कगार पर पहुंच गया है। प्रधानमंत्री अभी तक वहां नहीं गए हैं। उन्होंने यह भी कहा कि भाजपा, आरएसएस नफरत फैला रहे हैं। इसके जरिए वह जनता का पैसा लूट रहे हैं।
असम में राहुल गांधी ने मुख्यमंत्री हिमंत बिस्व सरमा और उनकी सरकार पर भी जमकर हमला बोला। उन्होंने कहा कि भारत की सबसे भ्रष्ट सरकार शायद असम में है। हम 'भारत जोड़ो न्याय यात्रा' के दौरान असम के मुद्दों को उठाएंगे।
भाजपा के इस बयान पर पलटवार करते हुए कि ऐसे मार्चों से कांग्रेस को कोई फायदा नहीं होगा, राहुल गांधी ने कहा कि पिछले साल की 'भारत जोड़ो यात्रा' ने देश की राजनीतिक कहानी बदल दी है। भाजपा और आरएसएस नफरत फैला रहे हैं और एक समुदाय को दूसरे समुदाय के खिलाफ लड़वा रहे हैं। उनका एकमात्र काम जनता का पैसा लूटना और देश का शोषण करना है।
22 जनवरी का समारोह एक राजनैतिक समारोह: जयराम रमेश
कांग्रेस महासचिव (संचार) जयराम रमेश ने कहा कि भारत में मंदिर, मस्जिद, गिरिजाघर, बौद्ध विहार, जैन मंदिर भी है। हम सभी धर्मों का सम्मान करते हैं, सभी का जश्न मनाते हैं। 22 जनवरी का समारोह एक राजनैतिक समारोह है। इसलिए कांग्रेस पार्टी ने कहा कि हम इस स्थिति में नहीं हैं कि यह निमंत्रण स्वीकारें लेकिन इसका अर्थ यह नहीं है कि हम मंदिर, मस्जिद, गिरिजाघर नहीं जा सकते। हम धर्म विरोधी नहीं है, हम असली लोग हैं जो धर्म का पालन करते हैं क्योंकि धर्म का राजनीतिकरण करना धर्म को नीचे गिराता है, यह भाजपा, RSS करती है।