गुजरात कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष शक्तिसिंह गोहिल ने दिल्ली में राहुल गांधी के साथ थे, जबकि गुजरात कांग्रेस विधायक जिगनेश मेवानी और पार्टी नेता लालजी देसई पीड़ितों के परिजनों के साथ मौके पर मौजूद थे।
गुजरात में राजकोट के टीआरपी गेम जोन में पिछले महीने भीषण आग लगने से 27 लोगों की मौत हो गई थी। इस हादसे के लगभग एक महीने बाद कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने शनिवार को वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिए कुछ पीड़ितों के परिजनों से बातचीत की। उन्होंने परिजनों से कहा कि कांग्रेस पार्टी उनके साथ खड़ी है। इस हादसे में जान गंवाने वालों में चार बच्चे भी शामिल है। यह घटना 25 मई को घटी थी।
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पार्टी के एक सूत्र ने कहा, "कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने शनिवार की दोपहर को पथिक आश्रम से वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिए कुछ पीड़ितों के परिजनों से बातचीत की। यह बातचीत करीब आधे घंटे तक चली। इस दौरान उन्होंने शोक व्यक्त किया और परिजनों से कहा कि पार्टी उनके साथ है।"
25 जून को बंद रखने की अपील
गुजरात कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष शक्तिसिंह गोहिल ने दिल्ली में राहुल गांधी के साथ थे, जबकि गुजरात कांग्रेस विधायक जिगनेश मेवानी और पार्टी नेता लालजी देसई पीड़ितों के परिजनों के साथ मौके पर मौजूद थे। इस वीडियो कॉन्फ्रेंस के बाद कांग्रेस ने 25 जून को राजकोट बंद का आह्वान किया। दरअसल, इस दिन घटना को एक महीना पूरा हो जाएगा। कांग्रेस पीड़ितों के परिजनों को अधिक मुआवजा देने के साथ अन्य मांगों के लिए भाजपा पर दवाब बना रही है।
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शनिवार को पीड़ितों के परिजनों ने कांग्रेस कार्यकर्ताओं के साथ मिलकर लोगों से एक दिन का बंद रखने की अपील की। 15 जून को कांग्रेस पार्टी के कार्यकर्ताओं ने शहर के पुलिस आयुक्त कार्यालय के बाहर विरोध प्रदर्शन किया था। नवनिर्वाचित कांग्रेस सांसद गेनी ठाकोर भी विरोध प्रदर्शन में शामिल हुए।
क्या था पूरा मामला
बता दें कि 25 मई की शाम राजकोट के टीआरपी ‘गेम जोन’ में भीषण आग लगने से 12 वर्ष की कम आयु के 12 बच्चों समेत कुल 27 लोगों की दर्दनाक मौत हो गई थी। शव पूरी तरह से जल चुके थे। पुलिस ने बताया था कि मृतकों में 12 साल से कम उम्र के कम से कम 12 बच्चे शामिल थे। पुलिस के मुताबिक स्कूलों में छुट्टी होने के कारण टीआरपी गेम जोन में बड़ी संख्या में बच्चे अपने अभिभावकों के साथ पहुंचे थे।