राहुल गांधी ने पूछा कि देश में जारी लॉकडाउन के बीच अर्थव्यवस्था को कैसे खोला जाए? इसपर राजन ने कहा कि दूसरे लॉकडाउन को लागू करने का मतलब है कि आप खोलने को लेकर कोई सही तैयारी नहीं कर पाए। लोगों के मन में सवाल है कि तीसरा लॉकडाउन भी आएगा। यदि हम सोचें की शून्य मामले होने पर इसे खोला जाएगा तो यह असंभव है।
अर्थव्यवस्था की चुनौतियों से कैसे निपटा जाए
कांग्रेस नेता ने पूछा कि अर्थव्यवस्था को लेकर काफी चिंता है। इन चुनौतियों से कैसे निपटना है इसे लेकर आपकी क्या राय है तो आरबीआई के पूर्व गवर्नर ने कहा कि कोरोना के खिलाफ लड़ाई के साथ-साथ हमें आम लोगों के रोजगार के बारे में सोचना होगा। इसके लिए कार्यक्षेत्र को सुरक्षित करना जरूरी है।
अर्थव्यवस्था खोलने के लिए करने होंगे ज्यादा परीक्षण
राहुल ने पूछा कि देश में कोरोना परीक्षण को लेकर कई तरह के सवाल हैं। हमारे यहां दूसरे देशों की तुलना में कम परीक्षण हो रहे हैं। जिसपर राजन ने कहा कि यदि हम अर्थव्यवस्था को खोलना चाहते हैं तो हमें अपनी परीक्षण क्षमता बढ़ानी होगी। हमें कोई भी एक हजार नमूने लेने होंगे और परीक्षण करना होगा। आज अमेरिका लाखों परीक्षण कर रहा है जबकि हम 20-30 हजार के बीच हैं।
भारत के पास है मौका
राहुल ने पूछा कि क्या इस तरह की स्थिति से भारत को लाभ हो सकता है। जब कोरोना का संकट खत्म होगा तो भारत को क्या करना चाहिए। इसके जवाब में रघुराम ने कहा कि इस तरह की काफी कम घटनाएं ही किसी पर अच्छा प्रभाव डालती हैं। भारत के पास मौका है कि वह अपने उद्योगों को दुनिया तक पहुंचाए और लोगों से बात करें।