कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी ने बुधवार को एक बार फिर जंतर-मंतर पर नीट पेपर लीक के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर पुलिस कार्रवाई के मुद्दे पर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पर निशाना साधा। उन्होंने पुलिस कार्रवाई, प्रदर्शनकारियों पर पैलेट गन के इस्तेमाल को लेकर सरकार से जवाब मांगे। मीडिया से बात करते हुए प्रियंका गांधी ने कहा कि जब युवा अपने भविष्य के लिए आवाज उठाते हैं तो उनके साथ होने वाले व्यवहार के लिए कौन जिम्मेदार है?
मीडिया के सवाल पर हुईं नाराज
दरअसल बुधवार को जब प्रियंका गांधी संसद भवन परिसर पहुंची तो उन्हें कई मीडिया कर्मियों ने घेर लिया। इस दौरान पत्रकारों ने संसद में जारी गतिरोध पर प्रियंका गांधी की प्रतिक्रिया मांगी। इस पर प्रियंका गांधी नाराज हो गईं और पूछा कि 'आप क्या चाहते हैं? जब हजारों छात्र इकट्ठा होते हैं और उनकी एक ही मांग होती है तो आप उन पर लाठियां बरसाते हैं। प्रदर्शनकारी छात्रों पर बल प्रयोग किया जाता है, पैलेट गन का इस्तेमाल किया जाता है। बिहार में एके 47 चलाई जाती है और हम सरकार से सवाल भी न करें। हम भी चुपचाप बैठे रहें, जैसे आप लोग चुप हैं?'
प्रियंका गांधी ने कहा- विपक्ष चुप नहीं रहेगा
प्रियंका गांधी ने लोकतांत्रिक जवाबदेही का मुद्दा उठाया और पूछा कि क्या गृह मंत्री अपने आप को जनता के प्रति जवाबदेय मानते हैं या नहीं? उन्होंने कहा, 'क्या आप जनता के प्रति जवाबदेय नहीं हैं? इसलिए हमें भी शांत बैठना चाहिए?' प्रियंका गांधी ने कहा कि विपक्ष चुप नहीं रहेगा।
विपक्ष प्रदर्शनकारी छात्रों पर पुलिस बल के इस्तेमाल के मुद्दे पर गृह मंत्री से संसद में जवाब देने की मांग कर रहा है और साथ ही माफी मांगने की भी मांग कर रही है। इस मुद्दे पर संसद का मानसून सत्र बाधित रहा है। अब सरकार इस मुद्दे पर बहस के लिए तैयार है और गृह मंत्री संसद में इस पर जवाब देंगे। अब वहीं एनडीए सांसदों ने झारखंड में प्रदर्शनकारी छात्रों पर लाठीचार्ज का मुद्दा उठा दिया है।