महंगे उपहार लेने के कारण कुछ दिन पहले विवादों में आ चुके कर्नाटक के सीएम सिद्धरमैया एक बार फिर विवादों में घिरते नजर आ रहे हैं। इस बार विवादों की छाया पड़ी है उनके छोटे बेटे डा. यतीन्द्र सिद्धरमैया पर, जिनके एक प्राइवेट कंपनी में उच्च पद पर ज्वाइन करने के बाद उसे तीन सरकारी ठेके दे दिए गए।
इंडियन एक्सप्रेस की खबर के अनुसार प्राइवेट डाइग्नोस्टिक कंपनी मैट्रिक्स इमेजिंग सोल्यूशन प्राइवेट लिमिटेड में सिद्धरमैया के 36 वर्षीय बेटे डा. यतीन्द्र सिद्धरमैया के 8 सितंबर 2014 में ज्वाइन करने के बाद से कर्नाटक सरकार की ओर से कंपनी को तीन बड़े ठेके दिए गए। सिद्धरमैया के बेटे इस कंपनी में डायरेक्टर के पर पर तैनात हैं।
उनके निदेशक बनने के बाद से ही कंपनी पर सरकार की मेहरबानी शुरू हो गई। राज्य सरकार के ई-प्रोक्योरमेंट पोर्टल के माध्यम से प्राप्त दस्तावेजों के अनुसार मैसूरू के कालबुर्गी में स्थित श्री जयदेवा इंस्टीट्यूट ऑफ कार्डियोलॉजी साइंस एंड रिसर्च इंस्टीट्यूट की लैबोरेट्री में उपकरणों और लैब स्थापित करने का टेंडर मैट्रिक को दिया गया। अखबार के अनुसार इसके अलावा मैट्रिक्स को बैंगलुरू स्थित मेडिकल कालेज एंड रिसर्च इंस्टीट्यूट में डाइग्नोस्टिक लैब तैयार करने का टेंडर भी दिया गया।