नीति आयोग के चैंपियंस ऑफ चेंज कार्यक्रम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नाम लिए बगैर भ्रष्टाचार पर विपक्ष पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि दलाली में नाकाम लोग ही रोजगार का शोर मचा रहे हैं। इस कार्यक्रम केतहत युवा सीईओ और स्टार्टअप शुरू करने वाले उद्यमियों से मुखातिब पीएम ने कहा कि पहले संस्थागत रूप ले चुके भ्रष्टाचार पर लगाम लगने के कारण दलालों का समय खत्म हो गया है।
सरकार भ्रष्टाचार को जड़ से उखाड़ फेंकने की दिशा में कदम उठा रही है। आने वाले दिनों में सरकार आम आदमी की समस्याओं को खत्म करने के और कदम उठाएगी। चैंपियंस ऑफ चेंज कार्यक्रम में युवा सीईओ और उद्यमियों की टीम ने सॉफ्ट पावर-अतुलनीय भारत, शिक्षा और कौशल विकास, स्वास्थ्य एवं पोषण, डिजिटल इंडिया, ऊर्जा विषय पर प्रस्तुति दी।
इस दौरान प्रधानमंत्री ने भ्रष्टाचार की चर्चा करते हुए नाम लिए बगैर विपक्ष पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि देश में भ्रष्टाचार के संस्थागत रूप ले लेने के कारण दलाली बड़ा रोजगार बन गया था। अब दलालों का समय खत्म हो गया है। यही लोग अब रोजगार का शोर मचा रहे हैं।
इसी दौरान पीएम ने पद्म पुरस्कार दिए जाने के तरीके का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि लोगों को पता है कि पहले ये पुरस्कार कैसे दिए जाते थे। पहले मंत्रियों की अनुशंसा पर पुरस्कार दे दिए जाते थे। मगर सरकार ने इसकी प्रक्रिया में बदलाव करते हुए इसे बंद कर दिया। अब आम लोग भी ऑनलाइन अज्ञात नायकों के नाम की सिफारिश कर रहे हैं।
पीएम ने कहा कि हमारा विश्वास है कि प्रत्येक नागरिक को देश के विकास में कुछ न कुछ योगदान देना चाहिए। हमारे देश के लोगों में इसकी क्षमता है। हम नागरिकों के विकास संबंधी योगदान को देश के विकास के साथ जोड़ना चाहते हैं। पीएम ने कहा कि उनकी टीम नए विचारों के प्रति बेहद सकारात्मक हैं। कई वरिष्ठ अधिकारी नए विचारों में संभावनाएं देखते हैं।