महिला पशु चिकित्सक से सामूहिक दुष्कर्म व हत्या के आरोपियों के शवों का एम्स के फोरेंसिक विशेषज्ञों की टीम ने सोमवार को दोबारा पोस्टमार्टम किया। इसके बाद चारों शव परिवारवालों को सौंप दिए गए। गांधी अस्पताल के अधीक्षक डॉक्टर पी श्रवण कुमार ने बताया कि एम्स से आई टीम के लिए अलग कैबिन की व्यवस्था की गई थी और ऑटोप्सी की पूरी प्रक्रिया की वीडियोग्राफी भी की गई।
तेलंगाना हाईकोर्ट ने 21 दिसंबर को चारों आरोपियों के शवों का दोबारा पोस्टमार्टम कराने का निर्देश दिया था। छह दिसंबर को पुलिस ने एनकाउंटर में चारों को मार गिराया था। इसी दिन महबूबनगर के सरकारी अस्पताल में शवों का पहला पोस्टमार्टम किया गया था। इसके बाद शवों को गांधी अस्पताल में शिफ्ट किया गया था।
डॉ. कुमार ने बताया कि ऑटोप्सी हो चुकी है और फोरेंसिक विशेषज्ञों की टीम अपनी रिपोर्ट सीलबंद लिफाफे में हाईकोर्ट को सौंपेगी। शवों परिवारवालों को सौंप दिया गया है। वहीं, एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि दो एंबुलेंस में आरोपियों के शवों को नारायणपेट जिले में उनके पैतृक निवासों पर भेज दिया गया है।
ऑटोप्सी से पहले दर्ज किए गए परिवारवालों के बयान
डॉ. कुमार के मुताबिक, ऑटोप्सी से पहले एम्स की टीम ने आरोपियों के परिवारवालों और रिश्तेदारों के बयान दर्ज किए। उन्होंने टीम को बताया कि ऑटोप्सी प्रक्रिया पूरी होने के बाद वे शवों को ले जाने को तैयार हैं। टीम के अनुरोध पर एक हैंडीकैम और कंप्यूटर उन्हें मुहैया कराया गया था। इससे पहले, पुलिस ने अस्पताल के आसपास सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए थे।