तेलंगाना के हैदराबाद से साल 2011 में एक लड़का लापता हो गया था। उसे खोए हुए करीब 7 साल हो चुके थे। परिवार भी अब आस छोड़ चुके थे कि उनका बेटा कभी वापस आएगा। लेकिन फेसबुक उनके लिए वरदान साबित हुआ। पुलिस ने सात साल बाद उस लड़के को उसके परिवार से मिलाया। पुलिस ने फेसबुक से उसके बारे में पता लगाया। जिस वक्त वह लापता हुआ तब उसकी उम्र 15 साल थी। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने मंगलवार को मामले की जानकारी दी।
मामले पर रचाकोंडा के पुलिस कमिश्नर महेश एम भागवत का कहना है कि 23 साल के सुरजीत झा को मुंबई पुलिस की टीम की सहायता से लाया गया। झा अब मुंबई के एक केटरिंग कॉनट्रैक्टर के अंतर्गत काम करता है। उससे मिलकर उसके माता पिता और रिश्तेदार बेहद खुश हैं।
उसके लापता होने की शिकायत 31 जनवरी, 2011 को मलकाजगिरी पुलिस स्टेशन में दर्ज करवाई गई थी। जिसमें बताया गया कि 15 साल का झा हैदराबाद के मौला अली स्थित पर अपने घर से कहीं चला गया है। वह अपनी बहन और बहनोई को बिना बताए ही चला गया और वापस नहीं लौटा। वह मूल रूप से बिहार के मधुबनी जिले का रहने वाला है।
शिकायत के आधार पर लापता होने का मामला दर्ज किया गया। पुलिस ने उसे ढूंढने की बहुत कोशिश की लेकिन वह कहीं नहीं मिला। बाद में पुलिस ने अक्टूबर 2011 में अपनी फाइनल रिपोर्ट सौंपी।
कमिश्नर ने बताया कि एक दिन उसकी बहन के पति ने फेसबुक पर उसकी आईडी देखी और फ्रेंड रिक्वेस्ट भेज दी। जिसे उसने एक्सेप्ट नहीं किया। जिसके बाद उसके बहनोई ने पुलिस को भी इस बात की जानकारी दी कि वह सोशल मीडिया पर है और ठीकठाक है। बाद में फिर साइबर क्राइम सेल की मदद से जांच की गई और उसकी लोकेशन का पता लगाया गया। जिसके बाद पता चला कि वह मुंबई में रह रहा है।