फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

मन की बात : पीएम ने कहा, सरकार ने 65 वर्ष से कम आयु की उम्र सीमा को भी खत्म करने का किया फैसला

Mon, 27 Mar 2023 06:23 AM IST
Jeet Kumar अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली।

सार

पीएम ने कहा कि सरकार ने अंगदान के लिए 65 वर्ष से कम आयु की उम्र सीमा को भी खत्म करने का फैसला किया है। साथ ही उन्होंने देशवासियों से अंगदान के लिए ज्यादा से ज्यादा संख्या में आगे आने की अपील की।
विज्ञापन
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी। - फोटो : PTI
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि अंगदान को आसान बनाने और प्रोत्साहित करने के लिए पूरे देश में एक जैसी नीति पर काम हो रहा है। इस दिशा में राज्यों में स्थायी निवासी होने की शर्त को हटाने का भी निर्णय किया गया है। अब देश के किसी भी राज्य में जाकर मरीज अंग हासिल करने के लिए पंजीकरण करवा सकेगा।

विज्ञापन


पीएम ने कहा कि सरकार ने अंगदान के लिए 65 वर्ष से कम आयु की उम्र सीमा को भी खत्म करने का फैसला किया है। साथ ही उन्होंने देशवासियों से अंगदान के लिए ज्यादा से ज्यादा संख्या में आगे आने की अपील की। उन्होंने कहा कि आपका एक फैसला कई लोगों की जिंदगी बचा सकता है। जिंदगी बना सकता है। 

प्रधानमंत्री ने ये बातें रविवार को अपने मासिक रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ के 99वें संस्करण में कहीं। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि जब एक व्यक्ति मृत्यु के बाद अपना शरीर दान करता है तो उससे 8 से 9 लोगों को एक नया जीवन मिलने की संभावना बनती है।
विज्ञापन


39 दिन की डोनर के माता-पिता से पीएम बोले-बेटी जीवन सफल कर गई
कम उम्र की अंगदाता अमृतसर की अबाबत कौर संधू ने 39 दिन की जिंदगी में इतिहास रच दिया। अबाबत की किडनी से पटियाला जिले के एक 15 वर्षीय किशोर को जीवनदान मिला था। पीएम मोदी ने रविवार को मन की बात कार्यक्रम में अबाबत कौर के माता-पिता सुखबीर सिंह संधू और सुप्रीम कौर से बात की, और उनके फैसले की जमकर तारीफ की। प्रधानमंत्री ने कहा कि आपकी बेटी किसी दूसरे को जीवन देने के लिए ही इस धरती पर आई थी और कुछ दिनों में महान काम करके अपना जीवन सफल कर गई।

24 दिन की उम्र में आया था स्ट्रोक 
28 अक्टूबर, 2022 को जन्मी अबाबत को 24 दिन की उम्र में स्ट्रोक आया था, जिसके बाद उसे पीआईजी में भर्ती कराया गया। उसके दिमाग में रक्त की आपूर्ति नहीं हो रही थी।

100वें संस्करण को और यादगार बनाएंगे पीएम ने कहा कि ‘मन की बात’ अपने 99वें पायदान पर आ पहुंचा है। आपके सुझाव और विचार ही 30 अप्रैल को होने वाले 100वें ‘मन की बात’ को और यादगार बनाएंगे।

देश के नए सामर्थ्य में नारी शक्ति की अहम भूमिका
पीएम ने कहा कि यह नवरात्र का समय है। शक्ति की उपासना का समय है। आज भारत का जो सामर्थ्य नए सिरे से निखरकर सामने आ रहा है, उसमें बहुत बड़ी भूमिका हमारी नारी शक्ति की है। उन्होंने कहा, ऐसा ही एक उदाहरण एशिया की पहली महिला लोको पायलट सुरेखा यादव हैं। 

इसी महीने प्रोड्यूसर गुनीत मोंगा और डायरेक्टर कार्तिकी गोंजाल्विस के वृत्तचित्र ‘द एलिफैंट विस्परर्स’ ने ऑस्कर जीतकर देश का नाम रोशन किया। देश के लिए एक और उपलब्धि भाभा परमाणु अनुसंधान केंद्र की वैज्ञानिक ज्योतिर्मयी मोहंती ने भी हासिल की। उनको रसायन और केमिकल इंजीनियरिंग के क्षेत्र में आईयूपीएसी का विशेष पुरस्कार मिला।

अंडर-19 महिला क्रिकेटरों का भी किया जिक्र  
मोदी ने कहा कि इस वर्ष की शुरुआत में ही भारत की अंडर-19 महिला क्रिकेट टीम ने टी-20 विश्व कप जीतकर नया इतिहास रचा। वहीं, नगालैंड में 75 वर्षों में पहली बार दो महिला विधायक जीतकर विधानसभा पहुंची हैं। इनमें से एक को नगालैंड सरकार में मंत्री भी बनाया गया है। उन्होंने तुर्किये भूकंप में मदद करने गईं जांबाज बेटियों की भी तारीफ की।

बेटियां तीनों सेनाओं में शौर्य का परचम लहरा रहीं पीएम ने कहा कि देश की बेटियां हमारी तीनों सेनाओं में अपने शौर्य का झंडा बुलंद कर रही हैं। ग्रुप कैप्टन शालिजा धामी लड़ाकू यूनिट में कमांड अपॉइंटमेंट पाने वाली पहली महिला वायुसेना अधिकारी बनी हैं। उनके पास करीब तीन हजार घंटे का उड़ान अनुभव है। इसी तरह भारतीय सेना की जांबाज कैप्टन शिवा चौहान सियाचिन में तैनात होने वाली पहली महिला अधिकारी बनी हैं। ऐसी सभी महिलाएं, हमारी बेटियां आज भारत के सपनों को ऊर्जा दे रही हैं। नारीशक्ति की यह ऊर्जा ही विकसित भारत की प्राणवायु है।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें