प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को कहा कि हिंदुत्व विचारक वीर सावरकर ने देश के स्वाधीनता संग्राम के दौरान जेल में रहते हुए संत तुकाराम के अभंग गाए थे। भगवान विठ्ठल की स्तुति में रचे गए छंद अभंग के नाम से जाने जाते हैं।
राजभवन में एक मंच पर दिखे पीएम मोदी व सीएम उद्धव ठाकरे
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि देश में स्वस्थ बहस और खुली चर्चा की संस्कृति को मजबूत करने की जरूरत है। वर्षों से यही भारत की पहचान रही है। एक दिन के महाराष्ट्र दौरे पर आए प्रधानमंत्री ने राजभवन में स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों को समर्पित संग्रहालय क्रांतिकारियों की गैलरी’ का अनावरण किया। इस दौरान मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने भी प्रधानमंत्री के साथ मंच साझा किया। प्रधानमंत्री ने मुंबई समाचार के द्विशताब्दी समारोह को भी संबोधित किया। कहा, हजारों साल से भारतीय सबसे मुश्किल विषयों पर उचित तर्क के साथ खुल कर बहस करते रहे हैं। यह समाज का अभिन्न हिस्सा रहा है। इस संस्कृति को मजबूती देने की जरूरत है। देश आजादी का अमृत महोत्सव मना रहा है, यह देश के वीरों को याद करने का समय है।
लोकल के साथ ग्लोबल भी थी आजादी की लड़ाई
एम ने कहा, क्रांतिकारी देश ही नहीं, दुनिया भर में अलग-अलग तरीके से लड़ाई लड़ रहे थे। उनका ध्येय एक था, भारत की संपूर्ण आजादी। हमारी आजादी की लड़ाई लोकल के साथ ग्लोबल भी थी।
राजभवन में मिले तहखाने में बनी क्रांतिकारी गैलरी
70 साल के बाद पूर्व राज्यपाल सी. विद्यासागर राव के कार्यकाल में अगस्त 2016 में राजभवन में एक भूमिगत तहखाना मिला था। इसी तहखाने में गैलरी स्थापित की गई है। यह गैलरी प्रथम विश्व युद्ध के पूर्व ब्रिटिशकाल के 13 बंकरों के भूमिगत नेटवर्क में बनाई गई है। गैलरी में स्वतंत्रता आंदोलन के नायकों, आंदोलन में उनकी भूमिका, मूर्तियां, दुर्लभ तस्वीरें, भित्ति चित्र और आदिवासी क्रांतिकारियों पर स्कूली बच्चों द्वारा तैयार किए गए विवरण शामिल हैं।