मैनपुरी में गांव नगला रामसिंह में धर्म परिवर्तन का विरोध करने पहुंचे विभिन्न हिंदूवादी संगठनों के कार्यकर्ताओं पर आरोपियों ने जानलेवा हमला किया। इससे एक कार्यकर्ता का सिर फट गया। वहीं कई अन्य को गंभीर चोटें आईं। सूचना के लगभग एक घंटे बाद पुलिस पहुंची।
इससे पहले ही सभी आरोपी भाग गए। देर शाम घायलों ने थाना औंछा में तहरीर दी है। वहीं गांव में तनाव के चलते फोर्स तैनात कर दी गई है। एएसपी दिगंबर कुशवाह का कहना है कि आरोपियों की तलाश की जा रही है।
कस्बा औंछा के नगला रामसिंह निवासी संजय पुत्र रामनरायन ने लगभग तीन वर्ष पूर्व पंजाब जाकर धर्म परिवर्तन कर ईसाई धर्म अपना लिया था। बताया जाता है कि रविवार को ईस्टर के अवसर पर उसने गांव के लगभग 30-40 लोगों को धर्म परिवर्तन के लिए राजी कर लिया। इसके लिए फीरोजाबाद से एक पादरी और 10 अन्य लोग भी गाड़ी से गांव पहुंच गए।
मौके पर पहुंचे ग्राम प्रधान
इसकी सूचना गांव के प्रधान शैलेंद्र यादव एवं अन्य ग्रामीणों ने विभिन्न हिंदूवादी संगठन जैसे, बजरंग दल, विश्व हिंदू परिषद, आरएसएस के कार्यकर्ताओं को दी। सूचना पर उक्त संगठनों के लगभग एक दर्जन कार्यकर्ता सुबह 11 बजे गांव पहुंच गए। मौके पर ग्राम प्रधान भी आ गए।
हिंदूवादी संगठनों के कार्यकर्ताओं ने धर्म परिवर्तन का विरोध किया तो संजय, फीरोजाबाद से आए पादरी एवं अन्य साथियों से कहासुनी हो गई। ग्रामीणों के अनुसार कुछ देर बाद संजय के परिवार वाले और अन्य समर्थक घरों से लाठी-डंडे निकाल लाए।
उन्होंने धर्म परिवर्तन का विरोध करने आए लोगों पर हमला बोल दिया। सभी लोगों की आरोपियों ने पिटाई लगाई। हमले में बजरंग दल के सुशील यादव का सिर फट गया। वहीं दारा सिंह वर्मा, मोहित कुशवाहा, अनुपम शाक्य, संतोष वर्मा, राजेश तिवारी, गोल्डी चौहान एवं आरएसएस के जिला प्रमुख श्याम भी घायल हो गए।