पाकिस्तान की सीमा में प्रवेश करने वाले रेलवे ट्रैक पर ठीक दो स्टेशनों के बीच इंजन फेल होने पर ट्रैक खाली करने के लिए सोमवार सुबह यात्रियों ने कालका एक्सप्रेस को धक्का लगाना पड़ा।
जानकारी के अनुसार बाड़मेर से मुनाबाव होकर पाकिस्तान की सीमा में प्रवेश करने वाला रेलवे ट्रैक सिंगल होने के कारण दूसरा इंजन भारत की ओर से आ रहे ट्रैक से लाना संभव नहीं था। मजबूरी में पाकिस्तान से इंजन मंगवाना पड़ता। रेलवे को कुछ सूझ नहीं रहा था, इस बीच ढाई घंटे बाद यात्रियों ने सूझ-बूझ दिखाकर ट्रेन को धक्का लगाना शुरू किया और ट्रेन को डेड एंड ट्रैक पर पहुंचाकर ट्रैक खाली कर दिया।
इसी ट्रैक से बाड़मेर की ओर से ज्यादातर ट्रेन भारत की सीमा के अंतिम स्टेशन मुनाबाव तक जाती हैं। इसके बाद रेलवे की सांस में सांस आई। ट्रैक का जंक्शन खाली हुआ तो बाड़मेर से दूसरा इंजन लाया गया और उससे ट्रेन को फिर बाड़मेर स्टेशन पहुंचाया।
इस ट्रैक के जंक्शन वाले हिस्से पर कालका एक्सप्रेस ट्रेन आधी आगे और आधी पीछे रह गई। यहीं इंजन फेल हो गया। यह सुबह 6:45 बजे बाड़मेर से चंडीगढ़ जाती है।