भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (यूआईडीएआई) ने बुधवार को कहा कि हाल के आईटी ग्रिड्स मामले में उसके सर्वरों में सेंध लगने का कोई सुबूत नहीं मिला है। हाल ही में एक निजी कंपनी आईटी ग्रिड्स (इंडिया) पर आरोप लगा था कि उसके पास आंध्र प्रदेश और तेलंगाना के 7.82 करोड़ लोगों का आधार डाटा है।
यूआईडीएआई ने कहा कि उसके केंद्रीय पहचान डाटा भंडार (सीआईडीआर) और सर्वर पूरी तरह से सुरक्षित हैं। उसके सीआईडीआर में किसी अनाधिकृत पहुंच का पता नहीं चला है और न ही कोई डाटा उसके सर्वर से चोरी हुआ है। तेलंगाना पुलिस की एसआईटी की रिपोर्ट के आधार पर यूआईडीएआई ने शिकायत दर्ज कराई थी कि आईटी ग्रिड्स (इंडिया) प्राइवेट लिमिटेड ने अनाधिकृत रूप से बड़ी संख्या में लोगों के आधार नंबर अपने पास रखे हुए हैं जोकि आधान कानून के प्रावधानों का उल्लंघन है।
बयान में कहा गया है कि रिपोर्ट में एसआईटी ने ऐसा कोई सुबूत नहीं पाया जिसमें लोगों के आधार नंबर, नाम, पता आदि यूआईडीएआई सर्वरों से चोरी कर हासिल किए गए हो। यूआईडीएआई ने साफ किया कि सेवा प्रदाता आमतौर पर सेवा प्रदान करने वाली एजेंसियों, कंपनियों से लोगों के आधार नंबर और अन्य जानकारी एकत्र करते हैं।