केंद्रीय स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय की ओर से किए गए राष्ट्रीय परिवार स्वास्थ्य सर्वेक्षण में चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं। इस सर्वेक्षण में ज्यादातर महिलाओं व पुरुषों ने माना है कि अगर पत्नी ढंग से काम नहीं करती, अपने कर्त्तव्यों का पालन नहीं करती तो घरेलू हिंसा जायज है और पति द्वारा उसे मारा जाना भी ठीक है। केंद्रीय स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय द्वारा जारी किए गए आंकड़ों से पता चलता है कि लगभग आधे भारतीय पुरुष और महिलाएं घरेलू हिंसा को ठीक मानते हैं।
45 प्रतिशत महिलाएं और 44 फीसदी पुरुष सहमत
आंकड़ों के मुताबिक, पूरे देश में 45 प्रतिशत महिलाएं और 44 फीसदी पुरुष इस बात से सहमत हैं कि काम न करने पर पत्नी को मारना ठीक है। कर्नाटक में इस सर्वे में 76.9 प्रतिशत महिलाएं और 81.9 प्रतिशत पुरुषों ने सहमति व्यक्त की। इन महिला व पुरुषों ने माना कि अगर पत्नी पति को बिना बताए बाहर जाती है, अच्छा खाना नहीं बताती और पति के प्रति वफादार नहीं है तो उसे पीटा जाना चाहिए।
संबंध बनाने से इंकार करने पर भी पीटा जाना सही
इस सर्वे में सबसे ज्यादा चौंकाने वाली यह बात सामने आई कि अगर पत्नी संबंध बनाने से इंकार करती है तो भी पति द्वारा उसे पीटा जाना सही है। लगभग 11 प्रतिशत महिलाओं और 9.7 प्रतिशत पुरुषों ने इस पर सहमति व्यक्त की। इसके अलावा ससुराल वालों का अनादर करने पर घरेलू हिंसा को 32 प्रतिशत महिलाओं और 31 फीसदी पुरुषों ने सही माना। इसी तरह बच्चों और घर का ध्यान न रखने पर 28 प्रतिशत महिलाओं और 22 फीसदी पुरुषों ने इसे सही माना।