शिवसेना-कांग्रेस-एनसीपी की महाराष्ट्र में बनने वाली सरकार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मुंबई-अहमदाबाद बुलेट ट्रेन के ड्रीम प्रोजेक्ट को झटका दे सकती है। सूत्रों के अनुसार राज्य में किसानों की खराब आर्थिक स्थिति को सुधारने के वादे करने वाले तीनों दल राज्य सरकार द्वारा बुलेट ट्रेन प्रोजेक्ट के लिए तय 25 प्रतिशत रकम/निवेश को रद्द करके, इस धन से किसानों की मदद कर सकते हैं। इस पैसे से किसानों की कर्जमाफी की घोषणाएं हो सकती हैं।
माना जा रहा है कि तीनों दलों के नेता इस पर एकमत हैं। उनका कहना है कि बुलेट ट्रेन प्रोजेक्ट में 25 फीसदी की दर से पांच से साढ़े पांच हजार करोड़ रुपये खर्च करना होंगे। इस रकम से किसानों को कर्जमाफी देकर उन्हें न केवल संकट से उबारा जा सकता है बल्कि संभावित सरकार के प्रति उनका भरोसा भी जीता जा सकता है।