राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) ने शुक्रवार को महाराष्ट्र में एकनाथ शिंदे-देवेंद्र फडणवीस सरकार को 'दोपहिया स्कूटर' करार दिया, जिसका हैंडल पीछे की सीट पर सवार के हाथ में है। साथ ही कहा कि शिवसेना के बागियों को पार्टी अध्यक्ष उद्धव ठाकरे से माफी मांगनी चाहिए।
राकांपा की प्रदेश इकाई के प्रवक्ता महेश भारत तपासे ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने पूर्ववर्ती महा विकास आघाड़ी (एमवीए) सरकार को अलग-अलग दिशाओं में खींचने वाला ‘‘तीन-पहिया ऑटो-रिक्शा’’ बताया था, जबकि शिवसेना के बागी शिंदे के नेतृत्व वाली नयी सरकार खुद एक 'दोपहिया वाहन' की तरह दिखती है।
शिंदे ने 30 जून को मुख्यमंत्री पद की शपथ ली। एमवीए में शिवसेना, एनसीपी और कांग्रेस शामिल थे। तपासे ने उप मुख्यमंत्री नियुक्त किए गए भाजपा नेता देवेंद्र फडणवीस की ओर इशारा करते हुए कहा, "नई सरकार एक दोपहिया स्कूटर की तरह है, जिसका हैंडल पीछे बैठने वाले के पास है।" उन्होंने कहा कि शिवसेना के बागी विधायकों को ‘मातोश्री’ (उपनगरीय बांद्रा में ठाकरे परिवार का निजी निवास) जाना चाहिए और बगावत का झंडा उठाने के लिए माफी मांगनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि राकांपा अध्यक्ष शरद पवार को आयकर विभाग ने नोटिस दिया गया है, जबकि शिवसेना नेता संजय राउत और अनिल परब को ईडी द्वारा “तंग” किया जा रहा है। उन्होंने पूछा, "क्या यह महज एक संयोग है कि एमवीए सरकार गिर गई है?"
आरक्षित वन घोषित आरे कॉलोनी में मेट्रो कार शेड को स्थानांतरित करने के लिए शिंदे-फडणवीस सरकार द्वारा प्रस्तावित कदम का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि पिछले एमवीए शासन ने मुंबई के पर्यावरण की रक्षा के लिए मेट्रो डिपो को दूसरी जगह (कांजुरमार्ग) में स्थानांतरित करने का फैसला किया था।
एक जल संरक्षण योजना जिसे एमवीए प्रशासन द्वारा बंद कर दिया गया था इसे लेकर तपासे ने कहा कि कैग (सीएजी) ने जलयुक्त सिवर के खिलाफ कई नकारात्मक टिप्पणियां की थीं, लेकिन नई सरकार द्वारा इसे पुनर्जीवित किया जा रहा है। राकांपा प्रवक्ता ने कहा, "व्यक्तिगत महत्वाकांक्षाओं को पूरा करने के लिए अब इस योजना को फिर से शुरू किया जा रहा है।" यह योजना तब शुरू की गई थी जब फडणवीस (2014-19) मुख्यमंत्री थे।