पहला ऑल-गर्ल्स बेसिक पैरामोटर प्रशिक्षण
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राष्ट्रीय कैडेट कोर (एनसीसी) ने साहसिक प्रशिक्षण के क्षेत्र में एक नई शुरुआत की है। गुवाहाटी स्थित एनआईएमएएस पैरामोटर नोड में देश का पहला ऑल-गर्ल्स बेसिक पैरामोटर प्रशिक्षण पाठ्यक्रम शुरू हुआ है। एनसीसी निदेशालय उत्तर-पूर्वी क्षेत्र और एनसीसी मुख्यालय, नई दिल्ली के तत्वावधान में आयोजित इस प्रशिक्षण में चार राज्यों की 30 वरिष्ठ विंग महिला कैडेट हिस्सा ले रही हैं।
गुवाहाटी में रक्षा मंत्रालय के प्रवक्ता लेफ्टिनेंट कर्नल गिरीश जोशी ने बताया कि इस ऐतिहासिक प्रशिक्षण में कर्नाटक, तेलंगाना, असम और नगालैंड की कैडेट शामिल हैं। इसे एक भारत श्रेष्ठ भारत की भावना के अनुरूप देश के अलग-अलग हिस्सों की युवा कैडेटों को एक मंच पर लाने वाली पहल के तौर पर देखा जा रहा है। एनसीसी के साहसिक प्रशिक्षण कार्यक्रम में यह पहल महिला सशक्तीकरण और युवा शक्ति को बढ़ावा देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
जमीन से आसमान तक कठिन प्रशिक्षण
पैरामोटर प्रशिक्षण केवल उड़ान भरने तक सीमित नहीं है। कैडेटों को सबसे पहले गहन जमीनी प्रशिक्षण, उपकरणों की जानकारी, सुरक्षा प्रक्रियाओं और आपात स्थितियों से निपटने का अभ्यास कराया जा रहा है। इसके बाद उन्हें चरणबद्ध तरीके से इंजन चालित पैरामोटर उड़ान के लिए तैयार किया जा रहा है। इस प्रशिक्षण में शारीरिक फिटनेस के साथ मानसिक मजबूती, अनुशासन और निर्णय लेने की क्षमता पर भी विशेष जोर दिया जा रहा है। हर उड़ान कैडेटों को अपने डर और संकोच से बाहर निकलने तथा आत्मविश्वास बढ़ाने का अवसर दे रही है।
एनसीसी के एक प्रवक्ता के अनुसार, यह पहल साहसिक गतिविधियों के माध्यम से युवा महिलाओं को सशक्त बनाने की एनसीसी की प्रतिबद्धता को दर्शाती है। 30 महिला कैडेट केवल पैरामोटर उड़ान सीखने तक सीमित नहीं हैं, बल्कि वे देश की अन्य युवतियों के लिए साहस और आत्मविश्वास का संदेश भी दे रही हैं।