यूक्रेन में जारी संकट के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार रात एक उच्च स्तरीय बैठक की। पीएम की अध्यक्षता में हुई बैठक में यूक्रेन संकट और वहां फंसे भारतीय छात्रों व नागरिकों की सुरक्षा और सुरक्षित वतन वापसी की रणनीति पर चर्चा हुई। इसके साथ पीएम ने ऑपरेशन गंगा की रफ्तार की भी समीक्षा की। बैठक में एनएसए अजित डोभाल और विदेश सचिव हर्षवर्द्धन श्रृंगला भी मौजूद रहे।
सिंधिया ने बताया भारतीयों की निकासी का प्लान
इस बीच केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने बताया कि पूरे कार्य को 4 भागों में बांटा गया है, पहला यूक्रेन से हमारे सभी छात्रों को पड़ोसी देशों की सीमाओं पर लाना, दूसरा उन्हें सीमा पार कराना। तीसरा हिस्सा उन्हें पड़ोसी देश की सीमा से हवाई अड्डों के लिए पर लाना और चौथा उन्हें सुरक्षित भारत पहुंचाना। सिंधिया ने बताया कि बुधवार को बुखारेस्ट(रोमानिया) से भारत के लिए 6 उड़ानें हैं। लगभग 1300 छात्र भारत के लिए यहां से निकल रहे हैं।
स्लोवाकिया से रिजिजू का संदेश
केंद्रीय मंत्री किरण रिजिजू ने कहा कि यूक्रेन से स्लोवाकिया पहुंचे भारतीय छात्रों के चेहरे पर सुकून देखकर अच्छर लगा। सभी को यहां हर तरह की राहत सुविधाएं दी जा रही हैं। सभी 189 लोग आज ही भारत के लिए रवाना होंगे।
वीके सिंह ने की अपील
केंद्रीय मंत्री जनरल वीके सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत अपने नागरिकों को वापस ले जाने के लिए ऑपरेशन गंगा चला रहा है। मैं कहना चाहूंगा कि भारत अपने एक-एक नागरिक को यूक्रेन से अपने देश अपने घर वापस ले जाएगा। कोई भी अकेला नहीं छूटेगा। धैर्य रखिए और एजेंसी की ओर से जारी गाइडलाइन का पालन करिए।