बेशक इस देश में भ्रष्टाचार और बेईमानी के नए नए किस्से सामने आते हों लेकिन ऐसे लोग भी कम नहीं हैं जो अपनी ईमानदारी के बूते अभी इंसानियत को जिंदा रखे हुए हैं। ऐसे ही हैं मुंबई में ऑटो रिक्शा चलाने वाले गुड्डू गुप्ता, जो अपनी ऑटो में छूटा दंपति का बैग लेकर दो घंटे तक उनकी तलाश करत रहे। आखिर जब उन्हें दंपति नजर आई तब उन्होंने राहत की सांस ली। खास बात ये थी कि जिस बैग को लेकर गुड्डु सवारियों को ढूंढ रहे थे उसमें नकदी और ज्वलैरी भी थी।
टाइम्स ऑफ इंडिया के अनुसार शनिवार को सुबह ऑटो लेकर निकले गुड्डू को अपनी ऑटो में एक बैग रखा मिला। गुड्डू ने सुबह के समय मुंबई के कुर्ला रेलवे स्टेशन से मुख्तार अहमद इदरीशी और उनकी पत्नी को बांद्रा कुर्ला कॉम्पलेक्स तक ले जाने के लिए अपने ऑटो में बैठाया। लेकिन वह आश्वस्त नहीं थे कि यह बैग किसका है। उन्होंने बैग को खोलकर देखा की शायद उसमें मालिक का कुछ पता मिल जाए। बैग में तीन हजार रुपये की नकदी के अलावा सोने की कुछ ज्वैलरी थी लेकिन मालिक के संबंध में कुछ जानकारी नहीं मिल सकी।
बैग लेकर गुड्डू बांद्रा कुर्ला काम्प्लेक्स के भारत नगर पहुंचे जहां उन्होंने दंपति को छोड़ा था। लेकिन वहां भी उसे कोई जानकारी नहीं मिल सकी, इस पर वह बैग लेकर बांद्रा कुर्ला काम्प्लेक्स पुलिस स्टेशन पहुंच गए। यहां उन्होंने सारी जानकारी दी। पुलिस ने इसके बाद एक कांस्टेबिल को गुड्डू के साथ भेजकर बैग के मालिक का पता ढूंढ निकाला। बैग के मालिक मुख्तार इदरीशी ने बताया कि हमें घर पहुंचकर पता चला कि हमारा बैग ऑटो में ही छूट गया है। हमें बिल्कुल उम्मीद नहीं थी कि वो हमें दोबारा मिल पाएगा, लेकिन जब गुड्डू उसे लेकर हमारे पास पहुंचे तो हमें यकीन ही नहीं हुआ। इदरीश और उनकी पत्नी ने गुड्डू की इस ईमानदारी के लिए उन्हें कुछ नकद ईनाम देना चाहा तो ईमानदार गुड्डू ने लेने से मना कर दिया।