बरेली में बिथरी के भाजपा विधायक राजेश मिश्रा उर्फ पप्पू भरतौल के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर उनके घर पर दबिश देने के मामले में सियासी विरोध का सामना कर रही पुलिस ने रविवार को उमरिया गांव में भी सख्ती दिखाई। गांव को चारों तरफ से घेरकर बवाल के आरोपियों की तलाश में घर-घर दबिश दी। तीन घंटे चली इस कार्रवाई के दौरान पुलिस ने भड़काऊ भाषण देकर माहौल बिगाड़ने के आरोपी जिला पंचायत सदस्य हाजी शराफत के साथ 36 अन्य आरोपियों को गिरफ्तार किया। शुक्रवार को मोहर्रम पर हुए विवाद के दौरान हथियारों से लैस उमरिया के लोगों ने खजुरिया गांव में घुसने की कोशिश की थी और इस दौरान पुलिस पर भी हमला कर दिया था।
पुलिस के उच्चाधिकारियों ने रविवार दोपहर बवाल के आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए उमरिया में कार्रवाई की योजना तैयार की। इसके बाद पुलिस लाइन से 20 गाड़ियों में आरआरएफ के साथ भारी पुलिस बल उमरिया गांव भेजा गया।
बवाल करने के आरोपी गांव से निकलकर भाग न सकें, इसके लिए फोर्स को फरीदापुर नहर, नकटिया और खजुरिया से गांव की तरफ जाने वाले रास्तों पर तैनात कर दिया गया। पुलिस ने पहले गांव का बाजार बंद कराया। इसके बाद पुलिस फोर्स ने तीन तरफ से गांव में एंट्री की।
सबसे पहले आईएमसी नेता और जिला पंचायत सदस्य हाजी शराफत को उसके घर पर दबिश देकर गिरफ्तार किया गया। इसके बाद फोर्स ने गांव में घर-घर दबिश देकर बवाल के आरोपियों की धरपकड़ कर दी। तीन घंटे तक चले इस अभियान में पुलिस ने 36 और आरोपियों को भी गिरफ्तार किया। इन सभी का मेडिकल कराया गया, सोमवार को इन्हें जेल भेजा जाएगा।