पूर्व केंद्रीय राज्यमंत्री एमजे अकबर ने पत्रकार प्रिया पर मानहानि का मामला दर्ज कराया हुआ है। यह मामला पत्रकार द्वारा उनपर यौन शोषण का आकोप लगाने के संबंध में है। दिल्ली की अदालत में सोमवार को मामले की सुनवाई हुई। जहां रमानी के बयान दर्ज करने की प्रक्रिया का समापन हो गया है। उनके बयान दर्ज होने के बाद क्रॉस एग्जामिनेशन (जिरह) अतिरिक्त मुख्य मेट्रोपॉलिटन मजिस्ट्रेट समर विशाल की अदालत में शुरू हो गया है।
इससे पहले सात सितंबर को राउज एवेन्यू अदालत ने दायर मानहानि के मुकदमे की सुनवाई की थी। जहां सुनवाई के दौरान प्रिया रमानी ने गवाही दी थी। गौरतलब है कि महिला पत्रकार ने अक्तूबर 2018 में मी टू अभियान के तहत ट्वीट कर एमजे अकबर पर आरोप लगाया था कि तीस साल पहले उन्होंने उसका यौन शोषण किया था।
इस आरोप के बाद अकबर को अपने पद से इस्तीफा देना पड़ा था। अकबर ने महिला पत्रकार के आरोपों का खंडन करते हुए महिला पत्रकार पर मानहानि का मुकदमा दायर किया था। उन्होंने रमानी के खिलाफ शिकायत दायर करने से पहले कहा था कि वह इस बात से अवगत हैं कि कई अन्य महिलाओं ने भी उनके खिलाफ आरोप लगाए हैं लेकिन वह किसी और के खिलाफ मानहानि की शिकायत दायर नहीं करेंगे।
मी टू मुहिम के दौरान अपने खिलाफ आरोप लगाए जाने पर पिछले साल 17 अक्टूबर को अकबर ने केंद्रीय मंत्रिमंडल से इस्तीफा दे दिया था। उन्होंने रमानी के खिलाफ शिकायत दायर करने से पहले कहा था कि वह इस बात से अवगत हैं कि कई अन्य महिलाओं ने भी उनके खिलाफ आरोप लगाए हैं लेकिन वह किसी और के खिलाफ मानहानि की शिकायत दायर नहीं करेंगे।