दिल्ली में केंद्र सरकार की स्वास्थ्य योजना (सीजीएचएस) के डॉक्टरों को एक विशेष फार्मा कंपनी को कुछ दवाएं देने के आरोप में निलंबित कर दिया गया है। सूत्रों ने यह जानकारी दी।
सूत्रों ने बताया कि शाहदरा में सीजीएचएस डिस्पेंसरी में तैनात मुख्य चिकित्सा अधिकारी और द्वारका सेक्टर-9 में एक अन्य डॉक्टर ने जो दवाएं लिखी हैं वो पहले से ही सीजीएचएस के सेंट्रल वायरहाउस में किफायती दरों पर उपलब्ध हैं।
अन्य डॉक्टर्स पर भी हो सकती है ऐसी कार्रवाई
सूत्रों ने आगे बताया कि इस तरह की कार्रवाई का सामना आने वाले दिनों में अन्य डॉक्टर्स को भी करना पड़ सकता है।
इस संबंध में केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ. मनसुख मंडाविया के कार्यालय को पहले शिकायत मिली थी जिसपर यह कार्रवाई की गई है।
सूत्रों ने बताया कि केंद्रीय मंत्री ने जांच के आदेश दिए और प्रारंभिक जांच में दवा लिखने और एक फार्मा कंपनी को फायदा पहुंचाने के मामले में गभीर उल्लंघन पाए गए।
इससे पहले भी मंडाविया ने ऐसे उल्लंघनों के खिलाफ कार्रवाई की थी और स्वास्थ्य क्षेत्र में भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति पर जोर दिया था।
भारत में खाद्य और पोषण सुरक्षा पर एक दिवसीय सम्मेलन
वहीं 5 जुलाई को दिल्ली में खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण विभाग 'भारत में खाद्य और पोषण सुरक्षा' पर एक दिवसीय राष्ट्रीय सम्मेलन का आयोजन करेगा।
उपभोक्ता मामले, खाद्य और सार्वजनिक वितरण मंत्रालय की ओर से रविवार को जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, सम्मेलन का उद्देश्य सार्वजनिक वितरण प्रणाली (पीडीएस) के तहत योजनाओं के लिए क्रॉस-लर्निंग, बेस्ट प्रैक्टिसेस का प्रसार करना और न्यूट्रिशनल सिक्योरिटी पर ध्यान केंद्रित करना है।
केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल सम्मेलन को संबोधित करेंगे
केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल, साध्वी निरंजन ज्योति और अश्विनी चौबे की मौजूदगी में सम्मेलन को संबोधित करेंगे। सम्मेलन में राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के खाद्य और आपूर्ति मंत्री भी शामिल होंगे।
मंत्रालय ने कहा कि सम्मेलन के मुख्य आकर्षण में खाद्य पदार्थों की मजबूती, खाद्य टोकरियों का विविधीकरण, फसल विविधीकरण, एकीकृत अन्नवितरण पोर्टल 2.0 और पीडीएस और भंडारण क्षेत्र में सुधार पर चर्चा शामिल होगी।