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Maharashtra: 2018 सड़क दुर्घटना मामले में टेंपो चालक को देना होगा मुआवजा, ठाणे एमएसीटी ने इस तर्क पर दिया आदेश

Fri, 24 Jan 2025 11:54 AM IST
शुभम कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई

सार

2018 में महाराष्ट्र में टेंपो और मोटरसाइकल की टक्कर में घायल मोटरसाइकल सवार व्यक्ति को ठाणे एमएसीटी ने बड़ी राहत दी है। न्यायाधीकरण ने आदेश दिया है कि टेंपो चालक को दुर्घटना में घायल व्यक्ति को मुआवजा देना होगा। 
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सड़क दुर्घटना - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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2018 में महाराष्ट्र में हुए टेंपो-मोटरसाइकल की टक्कर में घायल मोटरसाइकल सवार व्यक्ति को ठाणे मोटर दुर्घटना दावा न्यायधिकरण (एमएसीटी) ने बड़ी राहत दी है। इसके तहत 
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एमएसीटी ने दुर्घटना में टेंपो चालक को घायल हुए 29 वर्षीय व्यक्ति को 10.8 लाख रुपये का मुआवजा देने का आदेश दिया है।

एमएसीटी अध्यक्ष का आदेश
मामले में एमएसीटी के अध्यक्ष एसबी अग्रवाल ने दुर्घटना में शामिल टेंपो के मालिक और बीमा कंपनी को संयुक्त रूप से और अलग-अलग दावेदार को याचिका की तारीख से राशि की वसूली तक 7.5 प्रतिशत प्रति वर्ष की दर से ब्याज के साथ मुआवजा देने का निर्देश दिया।

बता दें कि यह दुर्घटना तब हुई थी जब याचिकाकर्ता एक मॉल में सेल्सपर्सन के रूप में काम कर रहा था। काम के लिए अपनी मोटरसाइकिल से काम पर जा रहे थे, तभी एक तेज रफ्तार टेंपो ने उनकी बाइक को टक्कर मार दी। इस दुर्घटना में उन्हें गंभीर चोटें आईं और उन्हें अस्पताल में भर्ती करना पड़ा।
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पूरे खर्चे का विवरण समझिए
न्यायाधिकरण ने दुर्घटना के बाद याचिकाकर्ता के मुआवजे में विभिन्न खर्चों का हिसाब लगाया गया। इसमें अस्पताल के बिल के लिए 5.35 लाख रुपये, दर्द और पीड़ा के लिए 3 लाख रुपये, आय में नुकसान के लिए 1 लाख रुपये और अन्य खर्चों के लिए 45,000 रुपये शामिल हैं।

टेंपो मालिक और बीमा कंपनी देगी मुआवजा
मामले में न्यायाधिकरण ने दुर्घटना में शामिल टेंपो के मालिक और बीमा कंपनी को मुआवजा देने का आदेश दिया है। अगर टेंपो मालिक ने मुआवजा नहीं दिया, तो बीमा कंपनी पहले इसे चुकाएगी और बाद में टेंपो मालिक से यह राशि वसूल करेगी। हालांकि  बीमा कंपनी ने दावे का विरोध किया, लेकिन न्यायाधिकरण ने यह कहा कि याचिकाकर्ता ने हेलमेट नहीं पहना था, लेकिन यह दुर्घटना का कारण नहीं था और यह उनकी लापरवाही नहीं मानी गई। 
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