संयुक्त अरब अमीरात (UAE) में रहकर ड्रग्स की फैक्टरी चला रहे एक तस्कर को भारत प्रत्यर्पित किया गया है। केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) तस्कर का भारत प्रत्यर्पण कराने में सफल रहा। मुंबई पुलिस ने तस्कर को हिरासत में ले लिया है।
सांगली मेफेड्रोन निर्माण मामले का आरोपी ताहिर सलीम डोला एक सिंथेटिक दवा निर्माण फैक्टरी चलाता था। पुलिस ने छापेमारी के दौरान यहां से 252 करोड़ रुपये मूल्य का 126.141 किलोग्राम मेफेड्रोन (एमडी) बरामद किया था। जांच में पता चला कि ताहिर विदेश से फैक्टरी चला रहा था। इसके बाद सीबीआई ने पुलिस के अनुरोध पर इंटरपोल के माध्यम से 25 नवंबर, 2024 को रेड नोटिस प्रकाशित करवाया था।
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अफसरों ने बताया कि एनसीबी-अबू धाबी ने 27 जनवरी को सीबीआई को सूचित किया कि ताहिर को यूएई में गिरफ्तार किया गया है। इसके बाद मुंबई पुलिस ने केंद्रीय गृह मंत्रालय और विदेश मंत्रालय के माध्यम से यूएई को प्रत्यर्पण अनुरोध भेजा था। सीबीआई की अंतरराष्ट्रीय पुलिस सहयोग इकाई (आईपीसीयू) एनसीबी-अबू धाबी के सहयोग से ताहिर को गुरुवार को भारत लेकर आई।
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शुक्रवार को डोला को दुबई से उड़ान संख्या एआई-984 से छत्रपति शिवाजी महाराज अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे पर लाया गया। अधिकारी ने बताया कि उसे मुंबई अपराध शाखा की हिरासत में दे दिया गया है। आरोपी से ड्रग्स की तस्करी के बारे में पूछताछ की जाएगी। उसे जल्द ही कोर्ट के सामने पेश किया जाएगा।
यह होता है मेफेड्रोन
मेफेड्रोन ड्रग को कोड नाम के तहत 'म्याऊं-म्याऊं' कहा जाता है। मेफेड्रोन कोई दवा नहीं, बल्कि पौधों के लिए बनी सिथेंटिक खाद है, लेकिन इसका सेवन करने से हेरोइन और कोकीन से भी ज्यादा नशा होता है। नशे के कारोबारी इसकी खपत के लिए कॉलेजी छात्र-छात्राओं तथा पार्टी में जाने वाले युवाओं को निशाना बनाते हैं। 'म्याऊं-म्याऊं' के सौदागर फेसबुक प्रोफाइल पर ऐसे युवाओं को तलाशते हैं, जो पार्टी या क्लब में जाना पसंद करते हैं। यह ड्रग बहुत ही सस्ता है।
यह होते हैं दुष्प्रभाव
दूसरे ड्रग्स की तरह ही मेफेड्रोन से भूख, मांसपेशियों में खिंचाव, शरीर कांपना, सिरदर्द, घबराट, हाई बल्ड प्रेशर, पेशाब में कठिनाई, शरीर के तापमान में बदलाव और हाथ नील पड़ने जैसे दुष्प्रभाव होते हैं। लत लगने के बाद इसे बार-बार और ज्यादा से ज्यादा मात्रा में लेने की इच्छा होती है। जब लोग इसे ज्यादा मात्रा में लेना शुरू कर देते हैं तो वह डिप्रेशन का शिकार हो जाते हैं।