एक सरकारी स्कूल में पढ़ रहे छात्र-छात्राएं।
- फोटो : प्रतीकात्मक
महाराष्ट्र के लातूर में गुस्साए अभिभावकों ने एक सरकारी स्कूल के मेन गेट पर ताला लगा दिया। बताया गया है कि यह लोग शहर के जिला परिषद स्कूल के पूर्व हेडमास्टर पर कार्रवाई न होने से नाराज थे। आरोप है कि तत्कालीन हेडमास्टर ने अभिभावकों को सूचित किए बिना ही उनके बच्चों को ट्रांसफर सर्टिफिकेट दे दिया। इस कथित घटना को लेकर ही बच्चों के माता-पिता में गुस्सा था।
बच्चों के अभिभावकों ने बुधवार को स्कूल में करीब दो घंटे तक प्रदर्शन किया। इसके बाद एक प्रखंड शिक्षा अधिकारी उनसे मिलने आए और भरोसा दिया कि आरोपी को शिक्षक के पद से निलंबित किया जाएगा और उन पर विभागीय जांच बिठाई जाएगी। इसके बाद अभिभावक प्रदर्शन खत्म करने के लिए तैयार हुए। बताया गया है कि यह स्कूल पहली से दसवीं कक्षा तक चलता है।
क्या है स्कूल के हेडमास्टर पर आरोप?
अभिभावकों पर आरोप है कि जब हाल ही में वे अपनी बेटियों की टीसी लेने के लिए स्कूल गए थे, तब उन्हें बताया गया कि उनकी टीसी पहले ही दी जा चुकी हैं। इस पर अभिभावकों ने यह मुद्दा स्कूल की समिति और ग्राम पंचायत के सामने उठाया। इसे लेकर बिठाई गई जांच में सामने आया कि 17 बच्चों की टीसी बिना अभिभावकों को सूचित किए दूसरे स्कूलों को दे दी गई है।
अधिकारियों के मुताबिक, इस घटना के बाद ग्राम पंचायत और स्कूल समिति ने जिला परिषद के अधिकारियों से पूर्व हेडमास्टर के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। हालांकि, बच्चों के अभिभावकों का कहना है कि आरोपी शिक्षक के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं हुई और इसी के विरोध में उन्होंने स्कूल के गेट पर ताला लगा दिया।