महाराष्ट्र में औद्योगिक परियोजनाओं को लगातार मंजूरी दी जा रही है। महाराष्ट्र सरकार ने गुरुवार शाम को उद्योग विभाग की कैबिनेट उप समिति की बैठक में सेमीकंडक्टर और इलेक्ट्रिक वाहन निर्माण से जुड़े चार बड़े प्रोजेक्ट पर मुहर लगाई। इन परियोजनाओं में 1.17 लाख करोड़ रुपये का निवेश होगा। साथ ही 29 हजार लोगों को रोजगार मिलेगा।
सीएम एकनाथ शिंदे ने कहा कि मराठवाड़ा, विदर्भ, पुणे और पनवेल में चार उच्च प्रौद्योगिकी मेगा परियोजनाओं को मंजूरी दी गई है। सेमीकंडक्टर और इलेक्ट्रिक वाहन निर्माण में निवेश से महाराष्ट्र को ईवी क्षेत्र में अग्रणी राज्य की पहचान मिलेगी। परियोजनाएं मजबूत स्थानीय आपूर्ति श्रृंखला विकसित करेंगीं। साथ ही तकनीक, नवाचार, अनुसंधान और विकास को बढ़ावा देंगी। इससे सूक्ष्म-लघु और मध्यम उद्योग से जुड़े लोगों को मदद मिलेगी। साथ ही स्थानीय श्रम बल को प्रशिक्षण और कौशल विकास का मौका मिलेगा।
उन्होंने बताया कि टावर सेमीकंडक्टर कंपनी और अदाणी ग्रुप मिलकर रायगढ़ जिले के पनवेल में मेगा सेमीकंडक्टर निर्माण परियोजना शुरू करेंगे। इसमें पहले चरण में 58,763 करोड़ और दूसरे चरण में 25,184 करोड़ रुपये समेत कुल निवेश 83,947 करोड़ रुपये का निवेश होगा। इससे 15 हजार लोगों को रोजगार मिलेगा।
वहीं पुणे में 12 हजार करोड़ रुपये के निवेश के साथ स्कोडा ऑटो वोक्सवैगन इंडिया एक इलेक्ट्रिक वाहन विनिर्माण परियोजना स्थापित की जाएगी। यह एक हजार लोगों को रोजगार देगी। वहीं छत्रपति संभाजीनगर में टोयोटा किर्लोस्कर मोटर कंपनी इलेक्ट्रिक वाहन विनिर्माण परियोजना लगाएगी। इस परियोजना में 21,273 करोड़ रुपये का निवेश होगा और 12,000 नौकरियां मिलेगीं। ईवी के उपयोग से ग्रीनहाउस गैसों में कमी आएगी।
वहीं कपड़ा नीति के तहत रेमंड लक्ज़री कॉटन्स अमरावती में कताई, सूत रंगाई, जूट बुनाई, कपास, जूट, मेस्टा और कपास बुनाई के माध्यम से उत्पादों के निर्माण के लिए एक मेगा-प्रोजेक्ट स्थापित करेगी। यह परियोजना नंदगांव पेठ एमआईडीसी में आएगी। इसमें 188 करोड़ रुपये का निवेश होगा और 550 लोगों के लिए रोजगार पैदा होगा।