महाराष्ट्र की फडणवीस सरकार ने यूपी की योगी सरकार के एक लाख रुपये के मुकाबले सूबे के किसानों को डेढ़ लाख रुपये तक की कर्ज माफी का तोहफा दिया है। हालांकि किसान कर्ज माफी के लिए कुछ शर्तें भी रखी गई हैं, लेकिन इससे सूबे के 40 लाख किसान कर्ज मुक्त हो जाएंगे। 89 लाख किसानों को इसका लाभ मिलेगा। इसके लिए सरकार ने 34000 करोड़ रुपये की कर्ज माफी योजना को मंजूरी दी है।
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने राज्य मंत्रिमंडल की मंजूरी के बाद शनिवार को प्रेस कांफ्रेंस में कर्ज माफी योजना का एलान किया। उन्होंने कहा कि किसानों को कर्ज माफी छत्रपति शिवाजी महाराज कृषि सम्मान योजना के तहत दी जाएगी। कुछ किसानों को वन टाइम सेटलमेंट के तहत लाभ दिया जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि महाराष्ट्र में 2012 से सूखे की स्थिति है और उसके बाद से कई किसान कर्ज नहीं अदा कर पाए हैं।
मुख्यमंत्री फडणवीस ने कहा कि महाराष्ट्र के इतिहास में अब तक की यह सबसे अधिक किसान कर्ज माफी है। हालांकि इससे पहले कर्जमाफी की गई थी लेकिन, सीमांत व लघु किसानों को उसका फायदा नहीं मिला था। गौरतलब है कि इस महीने के 1 जून से 8 जून तक किसानों ने आंदोलन किया था। सरकार में सहयोगी पार्टी शिवसेना ने भी आंदोलन का समर्थन किया था। इसके बाद सरकार ने किसान संगठनों की कोर कमेटी के साथ समझौता कर 25 जुलाई तक कर्ज माफ करने का वादा किया था। समझौते के बाद स्वाभिमानी शेतकारी (किसान) संगठन के नेता सांसद राजू शेट्टी ने कहा था कि अगर 25 जुलाई से पहले किसानों का लोन माफ नहीं हुआ, तो बड़े पैमाने पर आंदोलन छेड़ा जाएगा।