बाल ठाकरे को श्रद्धांजलि देने पहुंचे दोनों दलों के नेता एक दूसरे से बचते दिखे। शिवसेना नेता सुबह 10 से दोपहर 12 बजे के बीच शिवाजी पार्क पहुंचे। वहीं, फडणवीस, विनोद तावड़े और पंकजा मुंडे के साथ दोपहर करीब एक बजे पहुंचे। जब पूर्व सीएम पहुंचे तो उद्धव वहां से जा चुके थे। हालांकि उद्धव के खास मिलिंद नारवेकर वहां मौजूद थे।
फडणवीस के खिलाफ नारेबाजी
फडणवीस जब शिवाजी पार्क पहुंचे तो शिवसैनिकों ने नारेबाजी की। उन्होंने फडणवीस पर मुख्यमंत्री पद पर वापसी के लिए दिए नारे ‘मी पुन्हा येईन’ (मैं फिर आऊंगा) का घोष करते हुए, उन्हें ताना मारा। साथ ही उन्होंने शिवसेना के परंपरागत नारे ‘छत्रपति शिवाजी महाराज की जय’ का नारा भी लगाया। फडणवीस और उनके काफिले में शामिल कई नेता इस पर कोई प्रतिक्रिया दिए बिना आगे बढ़ गए।
राज्य में शिवसेना, कांग्रेस और एनसीपी की सरकार बनाने के लिए अंतिम निर्णय के वास्ते सोनिया गांधी और शरद पवार के बीच नई दिल्ली में सोमवार शाम चार बजे बैठक होगी। रविवार को पुणे में एनसीपी की कार्यसमिति की राज्य के वर्तमान राजनीतिक परिदृश्य को लेकर बैठक की वजह से पवार दिल्ली नहीं जा पाए। शिवसेना सूत्रों के अनुसार संजय राउत भी 19 नवंबर को सोनिया गांधी और अहमद पटेल से दिल्ली में मुलाकात करेंगे।
एनसीपी का दावा, भाजपा के 15-20 विधायक संपर्क में
एनसीपी ने दावा किया है कि महाराष्ट्र चुनाव से पहले उसकी पार्टी से भाजपा में गए 15 से 20 विधायक उसके संपर्क में हैं। पुणे में रविवार को एनसीपी की कार्यसमिति की बैठक से पूर्व पार्टी के राज्य अध्यक्ष जयंत पाटिल ने मीडिया से कहा कि फिलहाल मैं उन विधायकों के नाम नहीं बताऊंगा क्योंकि इससे वे मुश्किल में पड़ जाएंगे। पाटिल ने कहा कि आने वाले दिनों में हम मेगा भर्ती तो नहीं करेंगे, लेकिन योग्यता के आधार पर जरूर भर्ती हो सकती है।