लोकसभा की पूर्व स्पीकर मीरा कुमार ने कहा कि देश में दो तरह के हिंदू हैं। एक जो मंदिरों में प्रवेश कर सकते हैं और दूसरे जिन्हें प्रवेश की अनुमति नहीं हैं।
लोकसभा की पूर्व स्पीकर मीरा कुमार ने 21 सदी में भी जातीय भेदभाव पर दुख व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि देश में दो तरह के हिंदू हैं। एक जो मंदिरों में प्रवेश कर सकते हैं और दूसरे जिन्हें प्रवेश की अनुमति नहीं हैं।
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दलित समुदाय से आने वाली पूर्व राजनयिक ने जयराम रमेश की पुस्तक के विमोचन के अवसर पर कहा कि कई लोगों ने जातीय भेदभाव के कारण उनके पिता बाबू जगजीवन राम को हिंदू धर्म छोड़ देने की सलाह दी थी। उन्होंने कहा, लेकिन मेरे पिता ने कहा कि वह हिंदू धर्म को नहीं छोड़ेंगे और अपनी मौजूदा हैसियत से इस व्यवस्था से लड़ाई लड़ेंगे।