दिग्विजय सिंह-साध्वी प्रज्ञा (फाइल फोटो)
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भारतीय जनता पार्टी ने अपनी 22वीं सूची जारी कर दी है। इस लिस्ट में मध्यप्रदेश के चार उम्मीदवारों के नाम शामिल हैं। साध्वी प्रज्ञा ठाकुर को भोपाल से टिकट दिया गया है। साध्वी का मुकाबला मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह से होगा। इसके अलावा गुना से केपी यादव, सागर से राजबहादुर सिंह और विदिशा से रमाकांत भार्गव को टिकट दिया गया है। इंदौर पर अब तक नाम तय नहीं किया जा सका है।
टिकट मिलने के बाद उन्होंने कहा कि हम तैयार हैं। कार्य में लग गई हूं। साध्वी प्रज्ञा के नाम पर राष्ट्रीय नेतृत्व से लेकर प्रदेश स्तर तक सहमति के बाद यह फैसला लिया गया है। बुधवार सुबह ही साध्वी प्रज्ञा भोपाल स्थित प्रदेश भाजपा कार्यालय भी पहुंचीं थीं। साध्वी प्रज्ञा ठाकुर मालेगांव धमाकों के बाद सुर्खियों में आई थीं। जिसके बाद उन्हें लंबी कानूनी प्रक्रियाओं से गुजरना पड़ा। साल 2017 में सबूतों के अभाव में एनआईए ने अदालत से उन्हें जमानत देने पर एतराज न होने की बात कही जिसके बाद साध्वी प्रज्ञा ठाकुर को बड़ी राहत देते हुए बॉम्बे हाई कोर्ट ने जमानत पर रिहा कर दिया। वो 9 साल जेल में रहने के बाद बाहर आईं।
केपी यादव
गुना से पार्टी ने केपी यादव को टिकट दिया है। उऩका मुकाबला कांग्रेस के कद्दावर नेता ज्योतिरादित्य सिंधिया से होगा। 2018 में हुए विधानसभा चुनाव में केपी यादव मुंगावली विधानसभा क्षेत्र से उम्मीदवार थे। ये पहली बार हुआ था कि साल 1990 के बाद राव परिवार के अलावा किसी दूसरे व्यक्ति को भाजपा ने अपना प्रत्याशी बनाया।
रमाकांत भार्गव
विदिशा से विदेश मंत्री सुषमा स्वराज मौजूदा सांसद हैं। कुछ महीने पहले उन्होंने सेहत का हवाला देकर चुनाव लड़ने से इनकार कर दिया था। जिसके बाद रमाकांत भार्गव को टिकट दिया गया है। चर्चा तो शिवराज सिंह चौहान की पत्नी साधना सिंह की भी थी लेकिन आखिर में टिकट रमाकांत को मिला। वैसे उन्हें शिवराज का करीबी माना जाता है।
राजबहादुर सिंह
सागर लोकसभा सीट से भाजपा ने राजबहादुर सिंह को उम्मीदवार बनाया है। पहले चर्चा थी कि पूर्व मंडी अध्यक्ष और 2008 में कांग्रेस से भाजपा में शामिल होने वाले राजेंद्र सिंह को टिकट मिल सकता है।