विश्व हिंदू परिषद (वीएचपी) के अंतरराष्ट्रीय अध्यक्ष पद के लिए शनिवार को गुरुग्राम में चुनाव प्रक्रिया संपन्न हो गई। वीएचपी का बड़ा चेहरा माने जाने वाले प्रवीण तोगड़िया की पसंद राघव रेड्डी की चुनाव में हार हुई और मध्य प्रदेश के विष्णु सदाशिव कोकजे ने जीत दर्ज की। चुनाव इस बार कई वजहों से खास बना हुआ था, जिसमें सबसे अहम तोगड़िया के पीएम मोदी से मतभेद था। दूसरा यह कि करीब 54 साल बाद वोटिंग के जरिए अध्यक्ष का चुनाव किया गया है। आइए आपको बताते हैं कौन है कोकजे...
इंदौर के धार जिले में कोकजे का जन्म 6 सितंबर 1939 को हुआ। कोकजे ने इंदौर के जीएसीसी कॉलेज से वकालत की। इसके बाद वे 1990 से 1994 तक मध्य प्रदेश हाईकोर्ट के जज रहे। फिर वे 1994 से 2001 तक राजस्थान हाईकोर्ट के जज रहे। अवकाश प्राप्त न्यायाधीश विष्णु सदाशिव कोकजे 2003-2008 तक हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल थे। संघ और विहिप से पुराना नाता है।
संघ से जुड़ी संस्था भारत विकास परिषद के अध्यक्ष भी रहे। वर्तमान में इंदौर के डॉ. ओम नागपाल संस्थान के अध्यक्ष हैं। अब कोकजे के नए अध्यक्ष बनने के बाद विहिप पर संघ का प्रभाव बढ़ गया है। इतना ही नहीं प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और केन्द्र में भाजपा की मौजूदा सरकार ने भी इससे राहत की सांस ली है।