कर्नाटक के सियासी माहौल को भगवामय बनाने की कवायद में भाजपा अभी से ही देशभर के अपने दिग्गजों को वहां उतारने की तैयारी में है। इस प्रयास में पार्टी ने पूर्व मुख्यमंत्री बीएस येद्दयूरप्पा के नेतृत्व में कांग्रेस के सिद्दरमैय्या सरकार के खिलाफ 2 नवंबर से शुरू हो रही परिवर्तन यात्रा के दौरान सूबे के अलग-अलग शहरों में अपने वरिष्ठ नेताओं का कार्यक्रम बनाया है।
पीएम नरेंद्र मोदी पहले ही बीदर रैली के जरिए सूबे के सियासी माहौल को गरम कर चुके हैं। अब पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह 2 नवंबर को बंगलूरू में परिवर्तन यात्रा को हरी झंडी दिखाएंगे। शाह के बाद सूबे में भाजपा के बड़े-बड़े नेताओं के जाने का कार्यक्रम है। पार्टीशासित राज्यों के मुख्यमंत्री, केंद्र सरकार के मंत्री और पार्टी संगठन के प्रमुख चेहरे इन कार्यक्रमों में अलग-अलग जगह शामिल होंगे।
पढ़ें: फोन में देखकर भी BJP नेता ने गलत गाया 'वंदे मातरम', सोशल मीडिया पर हुआ वायरल
योगी, उमा और निरंजन ज्योति बनाएंगे माहौल
कर्नाटक में हिंदुत्व के मुद्दों को उभार देने के लिए भाजपा ने यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, फायर ब्रांड नेत्री उमा भारती और साध्वी रंजन ज्योति को भी येदियूरप्पा की परिवर्तन यात्रा में शामिल कराने का निर्णय लिया है। सूत्र बताते हैं कि सूबे में हिंदुत्व की आवाज बुलंद करने के लिए उमा भारती 20 नवंबर को बेलगांव, साध्वी निंरजन ज्योति 11 दिसंबर को यादगीर और यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ 30 दिसंबर को चिकमंगलूरू में पार्टी की परिवर्तन यात्रा में शामिल होंगे।
येदियूरप्पा के लिए केंद्रीय मंत्री भी संभालेंगे मोर्चा
राजनाथ सिंह और निर्मला सीतारमण
- फोटो : ANI
भाजपा के लिए दक्षिण का द्वार कहे जाने वाले राज्य कर्नाटक की सत्ता में येदियूरप्पा को काबिज कराने के लिए पार्टी रणनीतिकारों ने कई केंद्रीय मंत्रियों को भी मोर्चे पर उतारने का निर्णय लिया है। केंद्र सरकार के वरिष्ठ मंत्री अलग-अलग जगहों पर पार्टी की परिवर्तन यात्रा में शामिल होकर जनता के बीच सरकार की उपलब्धियां गिनाने के साथ कांग्रेस के चेहरे को भी बेनकाब करेंगे।
इस कवायद में रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमन 4 नवंबर को तूमकूर में, राज्यवर्धन राठौर 8 नवंबर को कुर्ग, वित्त मंत्री अरुण जेटली 11 नवंबर को मैंगलोर, सूचना प्रसारण मंत्री स्मृति ईरानी 28 नवंबर को बागलकोट, गृह मंत्री राजनाथ सिंह 21 दिसंबर को हुबली, नितिन गडकरी 28 दिसंबर को सिमोगा और थावरचंद गहलोत 8 जनवरी को चित्रदुर्ग में परिवर्तन यात्रा में शामिल होकर रैली को संबोधित करेंगे।
इनके अलावा रेल मंत्री पीयूष गोयल, धर्मेंद्र प्रधान और प्रकाश जावडेकर के भी कार्यक्रम बनाए जा रहे हैं।
ये पढ़ाएंगे सुशासन का पाठ
शिवराज सिंह चौहान
- फोटो : ANI
कर्नाटक की जनता के बीच भाजपाशासित राज्यों के सुशासन का अहसास कराने के लिए पार्टी ने अपने प्रमुख मुख्यमंत्रियों का भी कर्नाटक में कार्यक्रम बनाया है। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री रमन सिंह 11 नवंबर को उडूपी में, बिहार के उपमुख्यमंत्री सुशील मोदी 14 नवंबर को उत्तर कन्नड़ में, मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान 30 नवंबर को विजयपुर में, महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फड़नवीस 7 दिसंबर को बीदर में और राजस्थान की मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे 25 जनवरी को मैसूर में परिवर्तन रैली में शामिल होकर जनता को सुशासन का अहसास कराएंगे।
युवाओं को रिझाएगी भाजपा की त्रिमूर्ति
युवाओं को रिझाने के लिए भाजपा ने युवा मोर्चा के अपने त्रिमूर्ति नेताओं को मैदान में उतारने का निर्णय लिया है। भाजयुमो अध्यक्ष पूनम महाजन 9 दिसंबर को कलबुर्गी में, सांसद अनुराग ठाकुर 25 दिसंबर को दावनगीरी में और पंकजा मुंडे 7 जनवरी को बेल्लारी में परिवर्तन यात्रा में शामिल होंगी।
इसके अलावा कांग्रेस से भाजपा में शामिल हुई पूर्व केंद्रीय मंत्री डी पुरंदेश्वरी भी पार्टी की परिवर्तन यात्रा में शामिल होंगी। उम्मीद जताई जा रही है कि करीब 85 दिनों से ज्यादा चलने वाली यह यात्रा सूबे की सभी 224 विधानसभा सीटों से गुजरते हुए 28 जनवरी को समाप्त होगी।