फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Karnataka: जेल में बंद पूर्व सांसद प्रज्वल रेवन्ना के पास मिला मोबाइल फोन, छापेमारी में खुलासे से उठे सवाल

Wed, 12 Aug 2026 11:11 AM IST
अस्मिता त्रिपाठी पीटीआई, बंगलूरू

सार

बंगलूरू की परप्पना अग्रहारा जेल में सीसीबी की छापेमारी के दौरान पूर्व सांसद प्रज्वल रेवन्ना के पास से एंड्रॉयड मोबाइल फोन मिला। मामले में शिकायत दर्ज कर एफआईआर की प्रक्रिया शुरू है। लापरवाही के आरोप में सहायक अधीक्षक निलंबित और जेल अधीक्षक को नोटिस दिया गया है।

विज्ञापन
प्रज्वल रेवन्ना की बैरक से मिला फोन - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

 बंगलूरू के परप्पना अग्रहारा केंद्रीय जेल में सीसीबी ने छापेमारी की। इस दौरान पूर्व सांसद प्रज्वल रेवन्ना की बैरक से एक एंड्रॉयड मोबाइल फोन जब्त किया गया। यह जानकारी  पुलिस महानिदेशक (कारागार और सुधार सेवा) आलोक कुमार ने बुधवार को दी। 

शिकायत दर्ज कराई गई

विज्ञापन

मंगलवार (11 अगस्त) को केंद्रीय अपराध शाखा की ओर से उच्च सुरक्षा जेल में बंद हाई-प्रोफाइल कैदियों और अन्य बंदियों  के खिलाफ चार से पांच घंटे तक तलाशी अभियान चलाया, जिसके दौरान फ़ोन जब्त किया गया। कुमार ने बताया कि सीसीबी ने परप्पना अग्रहारा पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई है। इसके साथ ही एफआईआर दर्ज करने की प्रक्रिया चल रही है।

सहायक अधीक्षक को किया गया निलंबित 
कुमार ने बताया कि जेल अधिकारियों ने 6 अगस्त को रेवन्ना की बैरक की तलाशी भी ली थी, लेकिन उस समय तलाशी दल को कोई भी प्रतिबंधित वस्तु नहीं मिली थी। डीआईजी (दक्षिण) की रिपोर्ट पर कर्तव्य में लापरवाही बरतने के आरोप में सहायक अधीक्षक श्री इरन्ना रंगपुर को निलंबित कर दिया गया है। वहीं,  बंगलूरू केंद्रीय कारागार के अधीक्षक को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। उन्होंने कहा, 'इस घटना की विस्तृत जांच की जा रही है।'

किस मामले में सजा काट रहे हैं रेवन्ना? 

बता दें कि पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवेगौड़ा के पोते और जेडी(एस) नेता एचडी रेवन्ना के बेटे रेवन्ना ने 2019 से 2024 तक लोकसभा में हसन का प्रतिनिधित्व किया। उन्हें मई 2024 में यौन उत्पीड़न के मामलों के सिलसिले में गिरफ्तार किया गया था। इसके बाद उत्पीड़न के एक मामले में दोषी ठहराया गया था। बंगलूरू की एक विशेष अदालत ने अगस्त 2025 में उन्हें आजीवन कारावास की सजा सुनाई, जिसके बाद उन्हें परप्पना अग्रहारा जेल में भेज दिया गया।

 

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें